सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : दोपहर के समय काम करते हुए अगर थकान और नींद महसूस होती है, तो थोड़ी देर की झपकी शरीर और दिमाग को तरोताजा करने में मदद कर सकती है। शोधों के अनुसार, दिन में छोटी झपकी लेने से सतर्कता, ध्यान और कुछ संज्ञानात्मक क्षमताओं में सुधार देखा गया है। विशेषज्ञों के अनुसार, दोपहर में करीब 20 मिनट की छोटी झपकी एक व्यावहारिक विकल्प हो सकती है। इससे नींद पूरी तरह गहरी होने से पहले जागना आसान रहता है और उठने के बाद होने वाली सुस्ती यानी ‘स्लीप इनर्शिया’ का खतरा कम हो सकता है।

एक हालिया अध्ययन में छोटी दिन की झपकी के बाद लोगों में थकान और नींद आने की भावना कम पाई गई। हालांकि, हर व्यक्ति में इसका असर अलग हो सकता है और बहुत लंबी झपकी के बाद कुछ लोगों को उठने पर अधिक सुस्ती महसूस हो सकती है। दोपहर की झपकी लेते समय अलार्म लगाना उपयोगी हो सकता है। देर शाम या बहुत लंबे समय तक सोने से रात की नींद प्रभावित हो सकती है। अगर किसी व्यक्ति को दिन में लगातार अत्यधिक नींद आती है, पर्याप्त रात की नींद के बावजूद थकान रहती है या रोजमर्रा के काम प्रभावित हो रहे हैं, तो इसके पीछे किसी नींद संबंधी समस्या का कारण हो सकता है और चिकित्सकीय सलाह लेना उचित है। इसलिए काम के बीच थोड़े आराम के लिए छोटी झपकी उपयोगी हो सकती है, लेकिन इसे रात की पर्याप्त और नियमित नींद का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए।


Hashtags: #Health #Bhopal #Desksource #पहर #झपक #एनएन #DeskSource #टवर #आईट #समय