आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : यूआईटी आरजीपीवी भोपाल द्वारा इंजीनियरिंग की स्नातक स्तर मे नवागत प्रवेश लेने वाले विद्यार्थी हेतु इंडक्शन प्रोग्राम का आयोजन राजीव गाँधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के सभागार मे किया जा रहा है १५ सितम्बर तक चलने वाले इस दीक्षा आरंभ कार्यक्रम में प्रथम वर्ष में प्रवेश लेने वाले नवागत विद्यार्थियों को यूआईटी आरजीपीवी द्वारा राष्ट्रीय शिक्षा नीति २०२०, वर्तमान परिदृश्य में स्टार्टअप, शैक्षणिक अवलोकन, सांस्कृतिक एवं खेल गतिविधियाँ, एनसीसी एवं एनएसएस, छात्रावास, वाचनालय, परीक्षा पद्धति प्रशिक्षण एवं प्लेसमेंट के अलावा विशेष व्याख्यानों की श्रृंखला में स्वस्थ इंजीनियर एवं स्वस्थ समाज, पर्यावरण एवं प्रकृति संरक्षण में युवाओं की भूमिका, आई एम् पॉसिबल, आत्मविश्वास कैसे बनाए एवं नशीली दवाओं का उपयोग एवं परिवर्धन, रोकथाम एवं उपचार के साथ-साथ अपने शैक्षणिक परिसर एवं शहर को जाने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विभिन्न वक्ताओ द्वारा मार्गदर्शन प्रदान किया जायेगा साथ ही ओपन माइक के तहत सांस्कृतिक कार्यक्रमो की प्रस्तुतियां भी होंगी !
इंडक्शन कार्यक्रम के प्रथम दिवस पर आयोजित उद्घाटन सत्र मे छात्रों को संबोधित करते हुए विश्वविद्यालय के कुलपति सुनील कुमार ने कहा कि विद्यार्थियों के जीवन मे शिक्षा के साथ रचनात्मकता का होना भी जरुरी है, यूआईटी आरजीपीवी भोपाल द्वारा छात्रों को शैक्षणिक एवंम शिक्षणेत्तर गतिविधियों के माध्यम से उनके समग्र विकास के अवसर उपलब्ध करवाए जाएंगे! इस अवसर पर संबोधित करते हुए यूआईटी आरजीपीवी भोपाल के निदेशक सुधीर सिंह भदौरिया ने कहा कि व्यक्ति के विकास की प्रक्रिया मे आत्मा अनुशासन और जिज्ञासा यह दोनों महत्वपूर्ण है!
विशेष व्याख्यान के तहत “ आई एम् पॉसिबल” विषय के सत्र में तरुण पिथोरे (आईएएस) ने विद्यार्थियों की जिज्ञासा का समाधान करते हुए कहा कि अच्छे विचार, उचित पोषण एवं नियमित व्यायाम से व्यक्तित्व का समग्र विकास होता है! सफलता लक्ष्य के प्रति अटूट समपर्ण एवं स्मार्ट वर्क से कड़ी मेहनत करने पर प्राप्त होती है! व्यक्ति,समाज एवं राष्ट्र के प्रति अपनेपन की भावना से जो खुशी उत्पन्न होती है वह मानवीय भावनाओं के समेकित स्त्रोत्र के रूप मे कार्य करती है! पिथोरे ने अपने आईएएस बनने की जीवन यात्रा मे आने वाली चुनोतियों एवं उनके द्वारा लक्ष्य प्राप्ति हेतु किस प्रकार प्रयास किये गए उन अनुभवों को साझा किया!
इंडक्शन कार्यक्रम के अन्य सत्र मे युवा उधमी देवराज होडल ने वर्तमान परिद्रश्य मे स्टार्ट अप, राष्ट्रीय शिक्षा नीति पर विनय थापर, विश्वविद्यालय के बीमा योजना, खेल गतिविधियों, अनुशासन, एवं अन्य वार्षिक गतिविधियों के सम्बन्ध मे डीएसडब्लू के.टी. चर्तुवेदी एवं एनसीसी के सम्बन्ध कौस्तुभ द्विवेदी ने जानकारी प्रदान की! इस अवसर पर भाषा शुक्ला एवं विनीता भटनागर सहित अन्य प्राध्यापकगण उपस्थित थे!