सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : नगरीय विकास एवं आवास विभाग के अंतर्गत मध्यप्रदेश अर्बन डेवलपमेंट कम्पनी द्वारा प्रदेश के विभिन्न अंचलों में संचालित विकास परियोजनाओं की समीक्षा के लिए होटल पलाश में उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता आयुक्त एवं प्रबंध संचालक संकेत भोंडवे ने की। उन्होंने स्पष्ट किया कि विकास कार्यों में किसी भी स्तर पर शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी। बैठक में 46 नगरों की जल प्रदाय योजनाओं और 3 नगरों की सीवरेज परियोजनाओं की भौतिक एवं वित्तीय प्रगति का सूक्ष्म विश्लेषण किया गया। उन्होंने निर्देशित किया कि जिन नगरों में नवीन जल प्रदाय व्यवस्था सुचारू हो चुकी है, वहां पुराने ट्यूबवेल तत्काल बंद किए जाएं ताकि भू-जल संरक्षण सुनिश्चित हो सके। भोंडवे ने स्मार्ट मीटरिंग और पर्यावरण संरक्षण पर आधुनिक तकनीक के समावेश पर बल दिया। जल मीटरों में न्यूनतम 5 प्रतिशत स्मार्ट मीटर स्थापित करना अनिवार्य होगा। उन्होंने जल शोधन संयंत्र और मलजल शोधन संयंत्र के परिसर को हरित क्षेत्र में विकसित करने और माय लाइफ पोर्टल पर वृक्षारोपण की पूर्ण प्रविष्टि सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। निर्माण कार्यों की गुणवत्ता सर्वोपरि बताते हुए उन्होंने पाइपलाइन बिछाने के बाद सड़क बहाली कार्यों पर विशेष ध्यान रखने की चेतावनी दी। यदि कार्य में कमी पाई गई, तो ठेकेदारों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने परियोजना प्रबंधकों को नगर पालिका अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के साथ निरंतर समन्वय स्थापित करने, निर्माण स्थलों पर श्रमिक सुरक्षा, बैरिकेडिंग और यातायात डायवर्जन सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। अतिरिक्त प्रबंध संचालक दिव्यांक सिंह ने सामुदायिक सहभागिता और प्रभावी पुनर्नीति की आवश्यकता बताई। मुख्य अभियंता शैलेन्द्र शुक्ला ने परियोजनाओं की वर्तमान स्थिति का विस्तृत प्रस्तुतीकरण किया। इस अवसर पर प्रमुख अभियंता आनंद सिंह, विभिन्न जिलों के परियोजना प्रबंधक, परामर्शदाता फर्मों के विशेषज्ञ और संविदाकार संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। इस बैठक के माध्यम से मध्यप्रदेश के नगरीय विकास परियोजनाओं में पारदर्शिता, गुणवत्ता और समयबद्ध कार्यान्वयन सुनिश्चित करने का संकल्प लिया गया।