आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : इंदौर के श्री वैष्णव इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट के 20 वर्षीय छात्र की हार्ट अटैक से मौत हो गई। कबड्डी मैच सिलेक्शन राउंड में उसे उल्टी हुई, इसके बाद वह बेसुध होकर गिर गया। टीचर्स और साथी उसे तुरंत अस्पताल लेकर पहुंचे। यहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

कॉलेज के डायरेक्टर डॉ. जॉर्ज थॉमस ने बताया कि सोमवार दोपहर कॉलेज में कबड्‌डी मैच के लिए सिलेक्शन राउंड चल रहा था। उस दौरान बीबीए फाइनल ईयर का स्टूडेंट तेजस चौबे आम दिनों की तरह प्रैक्टिस कर रहा था। वह पूरी तरह फिट था। वॉर्मअप के बाद मैदान में आया, तभी उसे उल्टी हुई और गिर गया। उसे तुरंत अरिहंत हॉस्पिटल ले जाया गया। वहां सीपीआर दिया गया, लेकिन उसकी मौत हो चुकी थी। डॉक्टरों ने बताया कि मौत का कारण कार्डियक अरेस्ट हो सकता है।

इससे पहले मार्च में पीएससी की तैयारी कर रहे हर्ष भदौरिया को पढ़ाई के दौरान खांसी आई। वह बेहोश होकर गिर गया थी। उसकी अस्पताल में मौत हो गई थी।

परिवार से कहा था कि ट्रायल में हिस्सा लूंगा

तेजस के परिवार में माता-पिता, बड़ा भाई और भाभी है। सुबह उसने भाभी को बताया था कि आज मैं कबड्‌डी के ट्रायल में हिस्सा लूंगा। परिवार ने बताया कि उसकी हार्ट की बीमारी संबंधी कोई हिस्ट्री नहीं थी। उसका शव मॉर्चुरी में रखवाया गया है। अंतिम संस्कार मंगलवार को होगा।

तबीयत बिगड़ी तो एसीडिटी की दवा दी

कोच राघव जायसवाल ने बताया कि सोमवार को तेजस खेला नहीं था, पर थोड़ी प्रैक्टिस के बाद मैदान के बाहर बैठ गया। उसे सीने में जलन हुई तो एसीडिटी की दवा दी। कॉलेज ने शोक स्वरूप मंगलवार को अवकाश घोषित किया है।

डॉक्टर बोले- धमनी संबंधी बीमारी से आ सकता है अटैक

एमजीएम मेडिकल कॉलेज के कार्डियोलॉजी विभाग के एचओडी डॉ. एडी भटनागर ने बताया कि 20 से 25 साल की उम्र में अचानक हृदय गति रुकने से युवाओं की मौत के मामले देखने में आ रहे हैं। सही वजह का पता मृतक की ऑटोप्सी यानी पोस्टमॉर्टम के बाद ही पता चलती है। यह इसलिए जरूरी है कि परिवार में कोई वंशानुगत बीमारी तो नहीं है। पीएम कराने से ही यह खुलासा हो सकता है। इससे परिवार के बाकी सदस्यों को सतर्क रहने में मदद मिलती है।

डॉ. भटनागर ने अचानक होने वाली मौत के पीछे ये चार कारण भी बताए-

पहला- हृदय की धमनियों में अचानक सिकुड़न होना

दूसरा- धमनियों से संबंधित जन्मजात बीमारियां

तीसरा- हृदय की मांसपेशियों में परेशानी

चौथा- हृदय की गति में अचानक बदलाव या धड़कनें रुकने की वजह से

अचानक बैठ जाए या लेटे तो हार्ट अटैक के लक्षण

डॉ. दीपेश कोठारी (कार्डियोलॉजिस्ट, वी वन हॉस्पिटल) के मुताबिक हार्ट अटैक के तीन प्रकार पहला एंजाइना, हार्ट अटैक और कार्डियक अरेस्ट होते हैं। इसे इस तरह समझे कि हार्ट में या सीने में किसी तरह की हल्की समस्या है तो वह एंजाइना है। ऐसे ही अगर हार्ट में बहुत दर्द हो रहा है और धड़कन चल रही है तो वह हार्ट अटैक है। इसी तरह एकदम दर्द के साथ हार्ट, धड़कन और सांस बंद हो जाए तो वह कार्डियक अरेस्ट होता है। वह दर्द जिसमें व्यक्ति के सीने में असहनीय दर्द हो रहा हो, उसे पसीना आ रहा हो, वह छाती पर हाथ लगाकर झुक जाए, बैठ जाए या लेट जाए यह हार्ट अटैक के लक्षण होते हैं।