सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : राष्ट्रीय डिजाइन संस्थान मध्य प्रदेश में आयोजित डिजाइन शिविर 4.0 का दूसरा दिन उत्साह, प्रेरणा और रचनात्मक गतिविधियों से भरपूर रहा। स्कूली विद्यार्थियों एवं डिजाइन के प्रति रुचि रखने वाले प्रतिभागियों ने विभिन्न सत्रों में भाग लेते हुए सीखने और अनुभव का अनूठा संगम देखा।
दिन की शुरुआत अर्न यौरसैल्फ विषय पर आयोजित प्रेरणादायक सत्र से हुई, जिसे श्री श्री कृष्न बिरहमान ने संबोधित किया। उन्होंने विद्यार्थियों को आत्मविश्वास, सकारात्मक सोच, आत्म-विकास और जीवन में अपनी पहचान बनाने के लिए प्रेरित किया। उनके संवादात्मक एवं ऊर्जावान सत्र ने प्रतिभागियों को नई सोच और दृष्टिकोण प्रदान किया।

इसके बाद आयोजित ताना बाना वीविंग कार्यशाला प्रतिभागियों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रही। कार्यशाला का संचालन सुश्री जिज्ञासा आर्या, लुबना सैफी एवं चंदेरी के प्रसिद्ध बुनकर और अहतीसाम अंसारी द्वारा किया गया। विद्यार्थियों ने वीविंग टेक्नीक, लूम प्रोसेस तथा टैक्स्टाइल क्राफ्टमैनशिप की बारीकियों को समझा और भारतीय हस्तशिल्प की समृद्ध परंपरा से परिचित हुए।

पूरा दिन लर्निंग बाइ डूइंग की भावना के साथ फन-फिल्ड और इन्टरैक्टिव रहा। प्रतिभागियों ने डिजाइन, कला और परंपरागत शिल्प के माध्यम से रचनात्मक सोच को नए आयाम दिए।
युवाओं को डिज़ाइन शिक्षा से जोड़ने और एक्सपीरियेंशल लर्निंग का सशक्त मंच प्रदान करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल साबित हो रहा है।
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