आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) ने बुधवार सुबह भोपाल के खानू गांव में दो घरों में दबिश दी। यहां से एक बुजुर्ग को हिरासत में लिया। उसका नाम मुश्ताक खान (60) बताया जा रहा है। वह करीब एक साल पहले ही इस इलाके में रहने आया था। जांच एजेंसी को उसके PFI (पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया) से संपर्क के इनपुट मिले हैं।
7 घंटे की पूछताछ के बाद बुजुर्ग को छोड़ दिया गया। जांच एजेंसी ने औसाफ नाम के शख्स से भी पूछताछ की है। इससे पहले NIA ने करीब दो महीने पहले जहांगीराबाद इलाके में छापेमारी की थी।
NIA की टीम ने बुधवार को छह राज्यों मध्यप्रदेश, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, दिल्ली, महाराष्ट्र और तमिलनाडु में छापेमारी की। ये सर्च ऑपरेशन PFI के 12 ठिकानों पर चल रहा है। PFI को पिछले साल आतंकी गतिविधियों में शामिल होने के चलते बैन कर दिया गया था।
प्राइवेट स्कूल से रिटायर प्रिंसिपल है मुश्ताक
खानू गांव में रह रहे मुश्ताक एक प्राइवेट स्कूल में प्रिंसिपल रह चुके हैं। वे तलैया थाना क्षेत्र में अरीठे वाली मस्जिद के पास किराना दुकान चलाते हैं। NIA टीम ने तड़के 3.30 बजे मुश्ताक के घर छापामार कार्रवाई शुरू की, जो सुबह 10.30 बजे तक चली। इस दौरान मुश्ताक से NIA अफसरों ने PFI से संबंध में पूछताछ की। NIA ने मुश्ताक के कब्जे से 2 मोबाइल फोन और कुछ दस्तावेज जब्त किए हैं।
नीमच में जांच एजेंसी के इनपुट पर व्यापारी हिरासत में
मध्यप्रदेश ATS ने टेरर फंडिंग मामले में नीमच से एक व्यापारी को हिरासत में लिया है। सूत्रों के मुताबिक नीमच के व्यापारी दीपक सिंघल ने करोड़ों रुपए का हवाला सेल कंपनियों के मार्फत किया है। व्यापारी पर आरोप है कि उसके कनेक्शन चीन में भी हैं। व्यापारी ने हवाला के जरिए कई देशों में करोड़ों रुपए का लेन-देन किया है। GST विभाग का भी फर्जी दस्तावेजों के आधार पर करोड़ों रुपए का टैक्स नहीं चुकाया है। बताया जा रहा है कि सोमवार को दीपक सिंघल को हिरासत में लिया था। यह कार्रवाई NIA के इनपुट के आधार पर की गई है।
दो महीने पहले भोपाल में 10 जगह पड़े थे NIA के छापे
NIA ने दो महीने पहले भोपाल में 10 अलग-अलग जगहों पर छापे मारे थे। 10 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया गया था। इनमें जहांगीराबाद इलाके से समीना, उसके देवर शोएब और जीजा मुजाहिद को भी पकड़ा गया था। समीना और उसका परिवार यहां किराए से रहता है। मकान एक्टर रजा मुराद के दामाद के छोटे भाई का है। पूछताछ के बाद सभी को छोड़ दिया गया था।
NIA को दिल्ली में दर्ज एक पुराने मामले से जुड़े संदिग्धों के भोपाल में छिपे होने की सूचना मिली थी। यह इनपुट मामले के एक अन्य आरोपी से हुई पूछताछ में मिला था, जो छत्तीसगढ़ से जुड़ा है। टीम इसी आरोपी को लेकर भोपाल पहुंची थी।