आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : भोपाल में ‘अभिव्यक्ति गरबा महोत्सव-2023’ की धूम है। दूसरे दिन मंगलवार को शाम होते ही गरबा प्रेमियों के आने का सिलसिला शुरू हो गया। देर रात तक दर्शक और पार्टिसिपेंट्स से भेल दशहरा मैदान खचाखच भर गया। कुछ प्रतिभागी स्टेप्स में गरबा कर रहे थे तो कुछ फ्री स्टाइल में मां की आराधना करते नजर आए। सर्कल में तो हजारों गरबा लवर्स पारंपरिक गुजराती धुनों पर झूम रहे थे। समारोह में शामिल लोग सर्कल के बाहर भी जहां जगह मिली, वहां दोस्तों और परिवार के साथ गरबा खेलते दिखे।
20 अक्टूबर तक चलने वाले इस महोत्सव में पार्टिसिपेंट्स अलग-अलग थीम की ड्रेसेस में आ रहे हैं। मंगलवार को कई पार्टिसिपेंट्स ने मां दुर्गा के रूप में मेकअप किया था। कई एक्सपेरिमेंटल ड्रेसेस में पहुंचे तो कुछ रेट्रो ड्रेसेस में दिखाई दिए। मेकअप और ड्रेस के अनुसार ही हेयर स्टाइल भी बनाई थी। गर्ल्स भील और बंजारों के ट्रेडिशन को फॉलो करती नजर आईं।
फूड कोर्ट से एंट्रेंस गेट तक डांस
लाल रंग का धोती-कुर्ता, कोटी, चनिया-चोली, केडियु… कांच और कौड़ियों से जड़ी ड्रेसेस में यहां मौजूद हर व्यक्ति संस्कृति की सतरंगी छटा बिखेर रहा था। समापन के समय डीजे की धुन पर जब ‘गैंगनम स्टाइल’ बजा तो फूड कोर्ट से लेकर एंट्रेंस गेट तक सभी डांस करते नजर आए। बॉलीवुड गानों पर भी खूबसूरती से नृत्य किया। पार्टिसिपेंट्स की एनर्जी को यहां आयोजित फूड फेस्टिवल कॉम्लीमेंट करता दिखा। गरबा की थकान कोई यूपी की चाट से मिटाता नजर आया, तो किसी ने बनारसी कचौड़ी से मन को तरोताजा किया।
15 किलो की ड्रेस पहनकर आए लव
एक प्रतिभागी लव दुबे ने बताया, ‘मैं अभिव्यक्ति में कई साल से आ रहा हूं। मैंने जो ड्रेस पहनी है, उसकी खासियत ये है कि इसमें मैंने पूरे देश को दिखाया है। ड्रेस का वजन करीब 15 किलो है।’ उन्होंने सिर पर 10 किलो वजन की पगड़ी पहनी हुई थी। इस पगड़ी में देशभक्ति की भावना को दिखाया। उनका कहना है कि उन्होंने भारत की जिम्मेदारी उठाई है। वहीं, प्रतीक सोनी ने बताया कि गरबे के लिए उनके डिजाइनर ने उनका लुक तैयार किया है। यह उनका ट्रेडीशनल गेटअप है।
5 घंटे लगे फ्यूजन ड्रेस वियर करने में
प्रतिभागी सोनू ने बताया, ‘अभिव्यक्ति में 22 साल से आ रही हूं। ड्रेस के रूप में पहली बार कोट का इस्तेमाल किया है। इसे थोड़ा अलग तरह से डेकोरेट करने में साढ़े तीन महीने लगे हैं। यह बहुत हैवी है। इसमें पगड़ी ही सिर्फ 7 किलो की है। मुझे खुद तैयार होने में पांच घंटे लगे हैं। मैं अभिव्यक्ति गरबा मैनेजमेंट को धन्यवाद करती हूं कि वह इतना अच्छा आयोजन करवाते हैं।’
दो तरफ के फ्रेम में तैयार किया कैप
गोविंद कुमार ने बताया कि गरबा ड्रेस उन्होंने खुद बनाई है। इसको खुद ही पूरी तरह से मॉडिफाई किया है। इसमें खुद एसेसरीज लगाते हैं। इसमें कैप काफी अलग तरह का है। यह दो अलग-अलग तरफ के फ्रेम में तैयार किया है। यह पूरी तरह कंफर्टेबल है।
स्टूडेंट्स बोले- फूड के अलावा म्यूजिक भी पसंद आया
मंगलवार रात को पूरा परिसर गरबा के रंग से रंगा नजर आया। प्रतिभागियों को जहां जगह मिली, वह वहीं गरबा सेलिब्रेट करते रहे। यहां आने वाले एक कॉलेज ग्रुप के स्टूडेंट्स ने बताया कि वे पहली बार अभिव्यक्ति गरबा में आए हैं। यहां की रौनक अच्छी लगी। फूड के अलावा म्यूजिक भी पसंद आया। बता दें कि ‘अभिव्यक्ति गरबा महोत्सव-2023’ में दूसरे दिन मंगलवार को हजारों लोग यहां पहुंचे।