छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में अवैध अफीम की खेती का मामला उजागर करने के बाद चर्चा में आए समोदा गांव के सरपंच अरुण गौतम को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। उन पर व्हाट्सएप स्टेटस के जरिए प्रशासनिक और राजस्व अधिकारियों के खिलाफ आपत्तिजनक सामग्री पोस्ट करने का आरोप है। पुलिस के मुताबिक, सरपंच के खिलाफ पहले भी प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करते हुए बाउंड ओवर कराया गया था, लेकिन दोबारा ऐसी गतिविधि सामने आने पर कार्रवाई की गई।
पुलिस के अनुसार, समोदा निवासी जितेंद्र देशमुख ने अरुण गौतम के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि उन्होंने अपने व्हाट्सएप स्टेटस पर प्रशासनिक अधिकारियों के संबंध में आपत्तिजनक सामग्री साझा की। शिकायत और अनुविभागीय दंडाधिकारी (SDM) दुर्ग से मिले ज्ञापन के आधार पर पुलगांव थाने में अपराध क्रमांक 950/26 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 296 और आईटी एक्ट की धारा 67 में मामला दर्ज किया गया।
मोबाइल फोन जब्त, न्यायिक रिमांड पर भेजा
पुलिस ने कार्रवाई करते हुए अरुण गौतम को गिरफ्तार किया और कथित पोस्ट करने में इस्तेमाल मोबाइल फोन जब्त कर लिया। बाउंड ओवर की शर्तों के उल्लंघन को लेकर SDM न्यायालय में प्रतिवेदन प्रस्तुत किया गया। इसके बाद आरोपी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। दुर्ग पुलिस ने इसे छत्तीसगढ़ में बाउंड ओवर का उल्लंघन करने पर जेल भेजे जाने की अपनी तरह की पहली कार्रवाई बताया है।
मार्च में अफीम की खेती उजागर कर आए थे चर्चा में
अरुण गौतम मार्च 2026 में समोदा गांव के पास अवैध अफीम की खेती का मामला सामने लाने के बाद सुर्खियों में आए थे। ग्रामीणों की सूचना और शिकायत के बाद पुलिस तथा प्रशासन की संयुक्त टीम ने खेत में कार्रवाई की थी। जांच में करीब 5.62 एकड़ क्षेत्र में अफीम की खेती मिलने की बात सामने आई थी। इस मामले में भाजपा नेता सहित कई आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था।
फिलहाल पुलिस ने सोशल मीडिया पोस्ट से जुड़े मामले में जांच शुरू कर दी है।
Hashtags: #ChhattisgarhState #Bhopal #अफीम #खेती #उजागर #करने #वाले #सरपंच #भेजा #अफीमखेतीउजागरकरने