आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : प्रेस वार्ता का उद्देश्य उन विषयों को समाज के प्रमुख प्रसुत्व जन एवं आम मानस के बीच में लाना है जो आज भी परदे के पीछे है |
ठेकेदार द्वारा रेत की रायल्टी परिवाहन विभाग द्वारा निर्धारित मात्रा से अधिक काटी जा रही है |जब इस सन्दर्भ में ठेकेदार से बात की तो उसने बोला कि यह हमारे अधिकार क्षेत्र में नहीं है | क्योंकि अधिक रायल्टी काटने का मौखिक आदेश प्रमुख सचिव खनिज द्वारा दिया गया है ,जिसका पालन यदि हम नही करते तो हम पर दण्डात्मक कार्यवाही करने की चेतावनी दी गई है | जब इस विषय को लेकर प्रमुख सचिव श्रीवास्तव से संपर्क करा और उन्हें व्यवहारिक परिस्थितियों से अवगत कराया गया तब भी उन्होंने इस विषय को सिरे से खारिज कर दिया |
ठेकेदारों द्वारा रायल्टी के रेट बढ़ाये जा रहे है,विगत एक माह में ठेकेदार द्वारा दो रायल्टी के रेट बढ़ाये गये | एक बार 5000 एवं फिर पुनः 7000/-हजार इस तरह एक माह में रायल्टी रू. 12000/- हजार बढ़ा दी गई जो सर्वदा अनुचित है |जिससे रेत की कीमते अत्यधिक बढ़ गई जो सीधा –सीधा उपभोक्ता की जेब पर असर डाल रही है |
ठेकेदार द्वारा पिछले वर्ष अप्रैल 2022 में 12 टायर डंफर की रायल्टी 16 घन मीटर राशि 17,300 में भरी जा रही थी जो कि आज दिनांक को 29,500/-12 टायर डंफर में 20 घनमीटर रेत भरी जा रही है जो कि पिछले वर्ष की तुलना में बहुत अधिक है जबकि रेत ठेका के नियमानुसार प्रति वर्ष 10 प्रतिशत की वृद्धि के साथ ठेकेदार द्वारा सरकार से रेत का विक्रय का अनुबंध किया जाता है जो कि 19,000/- होनी चाहिये थी जो कि 10,500/-रूपये अधिक है |