सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : निजी विश्वविद्यालय विनियामक आयोग, मध्यप्रदेश की पहल पर संचालित अभ्युदय भारत 2026 कार्यक्रम के अंतर्गत रबींद्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय, भोपाल में भगवान बिरसा मुंडा के जीवन और योगदान पर विशेष व्याख्यान आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम मानविकी एवं उदार कला संकाय और संस्कृत, प्राच्य भाषा एवं भारतीय ज्ञान परंपरा केंद्र के संयुक्त तत्वावधान में मंथन सभागार में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के वरिष्ठ प्रचारक एवं क्षेत्रीय गौसेवा प्रमुख बृज किशोर भार्गव उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा केवल स्वतंत्रता सेनानी ही नहीं, बल्कि वनवासी समाज की अस्मिता और सांस्कृतिक चेतना के प्रतीक थे। 15 नवंबर 1875 को झारखंड के उलीहातु में जन्मे बिरसा मुंडा ने अंग्रेजों और मिशनरी गतिविधियों के खिलाफ उलगुलान आंदोलन का नेतृत्व किया। इस आंदोलन ने राजनीतिक, सामाजिक और धार्मिक स्वतंत्रता के लिए संघर्ष किया और अंततः छोटा नागपुर काश्तकारी अधिनियम जैसे महत्वपूर्ण कानून बने। कुलगुरु रवि प्रकाश दुबे ने कहा कि ऐसे महापुरुषों के जीवन पर चर्चा युवाओं में राष्ट्रभाव और सांस्कृतिक चेतना को मजबूत करती है।

विश्वविद्यालय का उद्देश्य केवल अकादमिक शिक्षा नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को भारतीय इतिहास और महान विभूतियों से जोड़ना भी है। कार्यक्रम के अंतर्गत अभ्युदय भारत 2026 के चित्रकला एवं नाटक प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कृत किया गया। मानविकी एवं उदार कला संकाय द्वारा आयोजित चित्रकला प्रतियोगिता में 22 विद्यार्थियों ने भाग लिया। राखी कुलस्ते (बीए 6th सेमेस्टर) ने प्रथम स्थान प्राप्त किया, जबकि ललित मोहन पाल (बीए 6th सेमेस्टर) द्वितीय स्थान पर रहे। सोनिया मीणा (बीए 2nd सेमेस्टर) ने भी शानदार प्रदर्शन किया। कार्यक्रम का संचालन पुष्पेंद्र (बीए ऑनर्स अंतिम वर्ष) ने किया, धन्यवाद ज्ञापन रुचि मिश्र तिवारी ने प्रस्तुत किया और समन्वयक के रूप में सावित्री सिंह परिहार एवं संजय दुबे का विशेष सहयोग रहा।