सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस / आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल: आज के समय में छात्र अपने लक्ष्य के प्रति जागरूक तो हैं परंतु उस लक्ष्य तक पहुँचने का रास्ता ढूँढ़ना उनके लिये कठिन है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए राष्ट्रीय फैशन प्रौद्योगिकी संस्थान (निफ़्ट), भोपाल ने कुछ स्कूलों के प्रिंसिपल संग अध्यापिकाओं के लिए एक महत्वपूर्ण वर्कशॉप आयोजित की, जिसका उद्देश्य निफ़्ट के विभागो और प्रवेश प्रक्रिया के बारे में जानकारी साझा करना था।
इस वर्कशॉप की शुरुआत में निफ़्ट भोपाल के डायरेक्टर लेफ़्टिनेंट कर्नल आशीष अग्रवाल ने इंडियन हैंडीक्राफ्ट्स और टैक्सटाइल्स की महत्वपूर्णता पर रोशनी डाली और कहा कि छात्रों को भारतीय हैंडीक्राफ्ट और टेक्सटाइल को ऊंचे स्तर पर लेकर जाना चाहिए।
निफ़्ट के ग्रेजुएट छात्र और शिक्षकों ने भी इस चर्चा में भाग लिया। फैशन एवं लाइफस्टाइल एसेसरी विभाग के पाठ्यक्रम समन्वयक सौमिक हालदार ने उन्हें निफ़्ट के कार्यशाला एवं प्रयोगशाला लेकर गए जहां उन्होंने वहां की मशीनों और औजारों के बारे में जानकारी दी और वहां की क्लासों में जाकर शिक्षा प्रणाली को भी समझाया।
संस्कृति स्कूल ,आमचरा भोपाल के आर्ट एंड क्राफ्ट के टीचर नीतीश जी ने कहा कि उन्हें इस वर्कशॉप में शामिल होकर बहुत अच्छा लगा और वे सभी स्टूडेंट्स को निफ्ट में एडमिशन लेने के लिए बढ़ावा देते हैं, फिर अंत में उन्होंने कहां बच्चों जॉइन नेफ्ट और भर लो अपने सपनों की उड़ान।
एकलव्य मॉडल रेजिडेंशियल स्कूल की प्रिंसिपल अमीना ख़ान ने इस वर्कशॉप का हिस्सा बन कर कई जानकारी हासिल की। उनका कहना है, “फैशन एक एसी शाखा है जिसमें हमारे बच्चों की रुचि तो है परंतु उन्हें इसके बारे में ज़्यादा ज्ञान नहीं मिला है। मैं खुश हूं की मुझे फैशन के बारे में इतना कुछ जानने को मिला। हम भी अपने छात्रों को इस बात से वाक़िफ़ करना चाहते हैं कि कैसे राष्ट्रीय फैशन प्रोद्योगिकी संस्थान में दाख़िला लिया जा सके ताकि वे भी अपने जुनून की राह को अपना सके।”
इस वर्कशॉप का मुख्य उद्देश्य स्कूलों के छात्रों और शिक्षकों के बीच डिज़ाइन कॉलेज NIFT के बारे में जागरूकता फैलाना था, ताकि वे इस उच्च शैक्षिक संस्थान के बारे में अधिक ज्ञान प्राप्त कर सकें और अपने करियर के लिए इसके विभिन्न पाठ्यक्रमों का लाभ उठा सकें।
इस वर्कशॉप से शिक्षा के क्षेत्र में राष्ट्रीय फैशन प्रोद्योगिकी संस्थान के प्रति जागरूकता बढ़ाने का महत्वपूर्ण कदम उठाया है, जिससे छात्रों के पास उनके भविष्य के लिए और भी नये द्वार खुल सकते हैं ।