मुम्बई । कोच आशीष नेहरा की आईपीएल के 15 वें सत्र में नई टीम टीम गुजरात टाइटंस के सबसे पहले प्लेऑफ में पहुंचने में अहम भूमिका रही। नेहरा की कुशल रणनीति नीलामी में खिलाड़ी चुनने से लेकर टीम को प्लेऑफ तक पहुंचाने में रही। नेहरा आईपीएल में दूसरी बार कोच के तौर पर उतरे हैं। इससे पहले वह रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर के साथ कोच के तौर पर जुड़े थे।
आईपीएल की मेगा नीलामी में जहां मुंबई इंडियंस, चेन्नई सुपर किंग्स ने पुराने खिलाड़ियों को अपने साथ जोड़े रखने के लिए जमकर पैसा खर्च किया। वहीं नेहरा की अगुवाई में गुजरात ने खिलाड़ियों के चयन में ध्यान रखा। इसी कारण गुजरात ने नीलामी में स्टार खिलाड़ियों की जगह पर सामान्य खिलाड़ियों को जोड़ा। गुजरात ने 37 खिलाड़ियों पर बोली लगाई थी और उसमें से 20 खरीदे।
नीलामी के दौरान ईशान किशन, कैगिसो रबाडा, श्रेय़स अय्यर, क्रुणाल पंड्या, टी नटराजन जैसे खिलाड़ियों को खरीदने के लिए गुजरात ने भी बोली लगायी थी पर जब नीलामी में इन खिलाड़ियों की कीमतें बढ़ने लगी तो गुजरात टाइटंस बोली से पीछे हट गई।
नेहरा भले ही गुजरात टाइटंस के मुख्य कोच हैं पर खिलाड़ियों के साथ उनका व्यवहार दोस्ताना ही नजर आ रहा है। वो टीम के अभ्यास सेशन में हर खिलाड़ी से अलग से बात करते हैं और उन्हें खेल से जुड़ी बारीकियां बताते हैं. इसका सकारात्मक प्रभाव टीम के प्रदर्शन पर भी दिख रहा है।