आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : रेल यात्रियो की सुविधा के लिए बनाई गई रेल उपयोग कर्ता सलाहकार समिति की बैठकें लंबे समय से नहीं हुई हैं। हर तीन महीने में होने वाली यह बैठक आखरी बार 18 जनवरी 2023 में हुई थी। इस मामले को लेकर समिति के सदस्य कमलेश सेन ने हाल ही में रेल मंत्री से भी गुहार की थी। वहीं वह आज इस संबंध में पश्चिम मध्य रेलवे के जीएम से भी चर्चा करेंगे। बता दें कि यात्रियों की सुविधा को लेकर रेलवे इन समितियों का गठन करती है जिसमें यात्रियों की सुविधाओं से संबंधित कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की जाती है और कई निर्णय भी इन समितियों के सुझाव के आधार पर किए जाते हैं।
जोन में लगातार हो रही बैठकें
इस बारे में बात करते हुए समिति के सदस्य कमलेश सेन ने हाल ही में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से भी इस बैठकों को लेकर एक ज्ञापन भी दिया है। उन्होंने बताया कि लंबे समय से भोपाल रेल मंडल की बैठकें नहीं हो रही हैं। इसको लेकर वह डीआरएम भोपाल को कई बार पत्र भी लिख चुके हैं। वहीं जोनल स्तर पर यह बैठकें लगातार हो रही हैं। उन्होंने बताया कि साल 2022 में भी सिर्फ एक ही बैठक आयोजित की गई थी। इस मामले में मंडल प्रवक्ता सूबेदार सिंह का कहना है कि अभी आचार संहिता के चलते किसी भी प्रकार की बैठक संभव नहीं हैं, वहीं कमलेश सेन ने इस बारे में कहा कि यहां किसी प्रकार की कोई घोषणा नहीं होनी है, यह बैठकें यात्रियों की सुविधा के लिए इससे आचार संहिता लगने का कोई प्रभाव नहीं होता है।
इन यात्री सुविधाओं पर होना है बात
मंडल के स्टेशनों पर वॉटर वेंडिंग मशीनों को दोबारा शुरू किया जाएं।
प्लेटफॉर्मों पर पर्याप्त शौचालय नहीं होने के कारण यात्रियों की परेशानी को देखते हुए प्लेटफॉर्म पर शौचालय बनाए जाएं।
भोपाल मंडल के स्टेशनों पर प्लेटफॉर्म 1 की तरफ लगे बड़े गेटों के बन्द होने के कारण यात्रियों को आवागमन में बढ़ी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता हैं, अत: उन गेटों को पुन: खोल दिया जाए तो उससे यात्रियों को राहत मिलेगी ।
आरएसी टिकट पर पूर्ण किराया लिया जाता है। किन्तु टिकट में केवल बैठने की सुविधा होती है। इसका किराया आधा किया जाए।
भोपाल मंडल के स्टेशनों पर पार्किंग शुल्क कम किया जाए।
ट्रेन लेट होने की स्थिति में वेटिंग हाल का चार्ज नहीं बढ़ाया जाए।
ग्वालियर से भोपाल के मध्य एक जन शताब्दी ट्रेन का संचालन किया जाए।
भोपाल सिंगरौली एक्सप्रेस को प्रतिदिन चलाया जाए।
झांसी इटारसी पैसेंजर को पुनः प्रारंभ किया जाए।
कर्नाटक एक्सप्रेस का स्टौपेज विदिशा में किया जाए।