आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : भोपाल जिले की सातों विधानसभा सीट पर 66 प्रतिशत मतदान हुआ। बैरसिया सीट में 78.53, भोपाल उत्तर में 69.1, नरेला में 65.17, भोपाल दक्षिण पश्चिम में 59.13, भोपाल मध्य में 60.67, गोविंदपुरा में 63.13 और हुजूर में 70.54 प्रतिशत वोटिंग हुई। यह रात 12 बजे तक का डाटा है। फाइनल आकड़े जारी होने के बाद वोटिंग परसेंट में बदलाव हो सकता है। मतदान का समय शाम 6 बजे खत्म हो गया था। लेकिन, बैरसिया विधानसभा के कढै़या शाह मतदान केंद्र में रात 8.30 बजे के बाद तक वोटिंग होती रही। 2023 के मतदान प्रतिशत में 2018 के मुकाबले लगभग 2.50 % की बढ़ोतरी हुई है। दक्षिण पश्चिम विधानसभा सीट पर पुरुषों से ज्यादा महिलाओं ने मतदान किया है।
दिन में नरेला विधानसभा में भाजपा उम्मीदवार विश्वास सारंग की कांग्रेस कार्यकर्ता से बहस हो गई तो उन्होंने कुछ कहते हुए उसका हाथ झटक दिया। मध्य विधानसभा में दिन भर वोटर्स सुस्त रहे। यहां छिंटपुट घटनाएं भी हुईं। भोपाल दक्षिण-पश्चिम में एक पोलिंग बूथ पर EVM खराब हो गई। हुजूर के कोलार-बैरागढ़ में कार्यकर्ताओं की सक्रियता के चलते गहमागहमी की स्थिति भी बनी। गोविंदपुरा में कई केंद्रों पर भाजपा-कांग्रेस कार्यकर्ताओं में दिन भर तनातनी का माहौल रहा। भोपाल उत्तर में सुबह से ही लंबी कतारें देखने को मिली।
भोपाल क्यों पीछे रहा?
भोपाल में सिर्फ 66.69% ही वोटिंग हुई। यह 52 जिलों में 50वें नंबर पर रहा। वजह- दक्षिण पश्चिम विधानसभा क्षेत्र के चार इमली वीवीआईपी बूथ के उदाहरण से समझिए। यहां 201 आईएएस-आईपीएस, 14 आईएफएस, 34 सीनियर डिप्टी कलेक्टर, 21 प्रोफेसर आदि रहते हैं। मतदान हुआ सिर्फ 57%। जिन अफसरों को लोगों को भी जागरूक करना था, वे भी मतदान में पीछे रहे। यही हाल करीब हर वीवीआईपी क्षेत्र का रहा।
इलेक्शन अपडेट्स…
भोपाल उत्तर में शांतिपूर्ण रहा मतदान: सुबह 7 बजे से ही वोटरों की लंबी-लंबी कतारें देखने को मिली। गीतांजली कॉलेज में परिसर में बने चार में से एक पोलिंग बूथ पर धीमे मतदान की शिकायत पूरे दिन बनी रही। आरिफ नगर के सहारा इंस्टीट्यूट के पोलिंग बूथ पर भाजपा-कांग्रेस समर्थक आमने-सामने हो गए। 5:45 बजे आलोक शर्मा को देख नारेबाजी की गई। इस दौरान कांग्रेस के MLA आरिफ अकील भी वहां मौजूद थे। यहां पोलिंग बूथ के बाहर स्वयं DCP रियाज इकबाल वोटिंग खत्म होने तक मोर्चा संभालते रहे। खानू गांव, ईदगाह हिल्स और कैंब्रिज स्कूल में बने पोलिंग बूथ में बीजेपी-कांग्रेस समर्थकों में मामूली झड़पें होती रही।
गोविंदपुरा में भिड़ गए भाजपा-कांग्रेस समर्थक: भोपाल की सबसे अधिक मतदाता वाली विधानसभा में कई केंद्रों पर दिन भर तनातनी का माहौल रहा। शाम को आनंद नगर में कांग्रेस-भाजपा के कार्यकर्ता आपस में भिड़ गए। एक व्यक्ति को चोटें भी आई। अवधपुरी क्षेत्र के MGM स्कूल में पिंक मतदान केंद्र में कुछ वोटर्स ने वोटिंग में देरी पर मतदान दल के साथ बहस भी की। इसके अलावा इंद्रपुरी, सोनागिरी, अयोध्या नगर, साकेत नगर, बरखेड़ा पठानी समेत अन्य इलाकों में भी वोटिंग के लिए दिन भर लंबी कतार लगी रही। शाम को बाग उमराव दूल्हा में मतदाताओं को टोकन देकर वोटिंग कराई गई।
हुजूर के कोलार-बैरागढ़ में गहमागहमी: विधानसभा में भाजपा-कांग्रेस दोनों ही दलों के प्रत्याशियों के समर्थक सुबह से ही सक्रिय रहे। मतदाताओं में भी उत्साह नजर आया। सुबह मतदान केंद्रों में लाइन लग गई जो दोपहर बाद थोड़ी कम हुई। कोलार-बैरागढ़ क्षेत्र में भाजपा-कांग्रेस के समर्थकों की सक्रियता के चलते गहमागहमी का माहौल बना। हालांकि, किसी भी केंद्र पर विवाद की स्थिति नहीं बनी।
नरेला विधानसभा में धीमी वोटिंग : नरेला के ही ऐशबाग इलाके में हिंद कॉन्वेंट स्कूल के मतदान केंद्र पर भाजपा उम्मीदवार विश्वास सारंग की कांग्रेस कार्यकर्ता से बहस हो गई तो उन्होंने कुछ कहते हुए उसका हाथ झटक दिया। पोलिंग बूथ नंबर-174, 175, 192, 197 और 198 में जो लाइनें दोपहर 1.30 बजे थी, वही तस्वीर शाम 6 बजे बाद भी देखने को मिली। लाइनें देख लोग वापस लौटते रहे। इस वजह से 7 बजे तक वोटिंग होती रही। गौतम नगर में 6 बजने में सिर्फ 2 मिनट बचे थे, पीठासीन अधिकारी ने टाइमिंग खत्म होने की मुनादी की। तभी एक युवती बाइक से पहुंची, और अपना वोट डाला। ऐशबाग-बाग दिलकुशा में बीजेपी-कांग्रेस कार्यकर्ताओं में हल्की झड़पें भी हुईं।
मध्य विधानसभा में दिन भर सुस्त रहे वोटर्स: नए शहर में सुबह 7 बजे से ही वोटर्स मतदान करने पहुंच गए। पुराने शहर के जहांगीराबाद, जिंसी, बुधवारा, कमला पार्क में सुबह वोटिंग की रफ्तार धीमी रही। कई इलाकों में छुटपुट घटनाएं भी हुईं। शाम होते-होते कमला पार्क, गिन्नौरी, बुधवारा, हाथीखाना, इतवारा, बैंड मास्ट का चौराहा, जिंसी, जहांगीराबाद वोटर्स की संख्या तेजी से बढ़ी। इससे जाम की स्थिति भी बनी। गिन्नौरी बीटीआई में मौजूद पोलिंग बूथ पर मशीन खराब होने दो घंटे तक इंतजार करना पड़ा।
भोपाल दक्षिण-पश्चिम में धीमा मतदान: सुबह से शाम तक वोटिंग की रफ्तार धीमी गति से चलती रही। कांग्रेस और बीजेपी के प्रत्याशी अपने-अपने कंट्रोल रूम में मतदान की स्थितियों का टेलिफोनिक फीडबैक लेते रहे। मतदान की रफ्तार धीरे होने के चलते वार्ड 30 के बूथ क्रमांक 227 और वार्ड नंबर 24 के बूथ नंबर 119 और 120 पर मतदान का समय खत्म होने के बाद भी वोटिंग होती रही।
बैरसिया में रात 8.30 बजे तक वोटिंग: भोपाल जिले की सुरक्षित विधानसभा सीट बैरसिया में मतदान के दिन सुबह से ग्रामीण इलाकों में पोलिंग बूथ पर मतदाताओं के पहुंचने का सिलसिला चला। शहरी क्षेत्र में धीमी वोटिंग के बाद शाम को रफ्तार बढ़ी। इसका असर यह हुआ कि कई मतदान केंद्रों में तय समय 6 बजे के बाद भी वोटिंग होती रही। एसडीएम विनोद सोनकिया ने बताया कि कढै़या शाह मतदान केंद्र में रात साढ़े आठ बजे के बाद तक वोटिंग हुई। इसके बाद यहां से मतदान दल रवाना हुआ। यहां किसी भी मतदान केंद्र में विवाद या झड़प की स्थिति नहीं बनी।