सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस / आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) का टाइटल कभी न जीत सकने वाली टीमों में शामिल पंजाब किंग्स (PBKS) की कप्तानी इस बार शिखर धवन करेंगे। टूर्नामेंट शुरू होने में 3 ही दिन की देरी है और टीम की तैयारियां भी लगभग पूरी हो चुकी हैं।
PBKS 23 मार्च को अपने पहले मैच में दिल्ली कैपिटल्स का सामना होमग्राउंड मोहाली में करेगी। पंजाब में अर्शदीप सिंह, कगिसो रबाडा और हर्षल पटेल जैसे गेंदबाज हैं, जिनसे बॉलिंग मजबूत नजर आ रही है। लेकिन फिनिश करने वाले खिलाड़ियों की अब भी कमी है। IPL 2024 सीरीज में आज बात पंजाब किंग्स की स्ट्रेंथ और वीकनेस की।
नए खिलाड़ियों के आने से मजबूत हुई टीम
पंजाब ने पिछली ऑक्शन में राइली रुसो, हर्षल पटेल और क्रिस वोक्स जैसे बेहतरीन खिलाड़ी खरीदे। 2 विदेशी और 5 अनकैप्ड समेत 8 प्लेयर्स खरीदने पर 24.95 करोड़ रुपए खर्च किए।
हर्षल पटेल के आने से डेथ ओवर्स में टीम की गेंदबाजी घातक हो गई। टीम में अर्शदीप, रबाडा, नाथन एलिस, वोक्स और सैम करन जैसे गेंदबाज भी मौजूद हैं। बैटिंग में धवन, राइली रुसो, लियम लिविंगस्टन, जॉनी बेयरस्टो, प्रभसिमरन सिंह और जितेश शर्मा जैसे नाम हैं।
पॉसिबल प्लेइंग-11
शिखर धवन (कप्तान), प्रभसिमरन सिंह, जॉनी बेयरस्टो, अथर्व तायड़े, लियम लिविंगस्टन, जितेश शर्मा, सैम करन, हर्षल पटेल, कगिसो रबाडा, राहुल चाहर और अर्शदीप सिंह।
इम्पैक्ट: ऋषि धवन
स्ट्रेंथ
शानदार पेस अटैक: अर्शदीप, रबाडा और वोक्स नई गेंद से कमाल कर सकते हैं। वहीं डेथ ओवर्स के लिए टीम में हर्षल और करन मौजूद हैं। इनके अलावा एलिस, ऋषि धवन और विद्वत कवरेप्पा जैसे ऑप्शन भी मौजूद हैं।
ऑलराउंडर्स भी दमदार: करन, वोक्स लिविंगस्टन और सिकंदर रजा के साथ ऋषि धवन और हर्षल जैसे ऑलराउंडर्स टीम में हैं। इनके अलावा अनकैप्ड प्लेयर मिलाकर टीम के कुल 12 प्लेयर्स ऐसे हैं, जो बैटिंग और बॉलिंग दोनों कर लेते हैं।
बैकअप खिलाड़ियों की कमी नहीं: टीम में हर बैटिंग और बॉलिंग पोजिशन पर मजबूत खिलाड़ी के साथ मजबूत ऑप्शन भी मौजूद है। कोई खिलाड़ी इंजरी के कारण अगर लीग से बाहर होता है तो टीम को बाकी टीमों के मुकाबले ज्यादा समस्या नहीं होगी।
वीकनेस
विदेशी खिलाड़ियों में निरंतरता नहीं: करन, बेयरस्टो और लिविंगस्टन जैसे विदेशी खिलाड़ियों में निरंतरता की कमी है। जो टीम के लिए चिंता का विषय है। राइली रूसो भी SA20 के पिछले सीजन में खास प्रदर्शन नहीं कर सके।
मिडिल ऑर्डर कमजोर, नए खिलाड़ी: टीम का मिडिल ऑर्डर कमजोर है। इतना ही नहीं, फिनिशर के रोल में जितेश शर्मा खुद को साबित नहीं कर सके हैं। टीम में अधिकतर खिलाड़ी नए हैं। जो दबाव में आ सकते हैं।
स्पिन गेंदबाजी में बड़ा नाम नहीं: टीम के स्पिन बॉलिंग अटैक में कोई बड़ा नाम नहीं है। स्पिन गेंदबाजी की जिम्मेदारी राहुल चाहर और हरप्रीत बरार पर हैं। जो खुद को स्थापित नहीं कर सके हैं।