सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस / आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल: वेटलैंड सिटी की दौड़ में शामिल राजधानी भोपाल में शुक्रवार को वर्ल्ड वेटलैंड-डे मना। बोट क्लब पर सुबह स्वच्छता श्रमदान कार्यक्रम हुआ। इसमें महापौर मालती राय समेत एमआईसी मेंबर, पार्षद और आमजनों ने सफाई की। महापौर ने कहा कि बड़ा तालाब को संरक्षित करने का सभी संकल्प लें।
स्वच्छता के लिए बोट क्लब पर सुबह से ही लोग जुटने लगे। कार्यक्रम के बाद महापौर राय, एमआईसी मेंबर रवींद्र यति, जोन अध्यक्ष आरती अनेजा समेत आमजनों ने बोट क्लब के आसपास की सफाई शुरू की। करीब एक घंटा तक सफाई का दौर चलता रहा।
वेटलैंड सिटी बनने की दौड़ में, भेज चुके प्रस्ताव
बता दें कि मध्यप्रदेश के दो शहर भोपाल और इंदौर वेटलैंड सिटी बनने की दौड़ में शामिल किए गए हैं। तीसरा शहर राजस्थान का उदयपुर भी है। केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्रालय ने देश के इन तीन शहरों को वेटलैंड घोषित करने की तैयारी की है। इसके लिए प्रस्ताव स्विट्जरलैंड रामसर संस्था को भी भेजा गया है। जनवरी में केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने सोशल मीडिया पर यह जानकारी दी थी।
2002 में बड़ा तालाब घोषित हो चुका रामसर साइट
भोपाल की लाइफ लाइन बड़ा तालाब को वर्ष 2002 में रामसर घोषित किया जा चुका है। इससे इसे अंतराष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली है। वर्ष 1995 के बाद जापान के सहयोग से चले भोज वेटलैंड प्रोजेक्ट में हुए संरक्षण के कार्यों के आधार पर बड़ा तालाब को रामसर साइट घोषित किया गया था।
चारों ओर से अतिक्रमण से घिरा बड़ा तालाब
बड़ा तालाब चारों ओर से अतिक्रमण से घिरा है। कई बार अतिक्रमण हटाने की कवायद तो शुरू हुई, लेकिन पूरी तरह से नहीं हट सका।