आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : खालिस्तानी समर्थक व आतंकी नेता हरदीप सिंह निज्जर की हत्या में भारतीय संलिप्तता पर एक बार फिर कनाडाई प्रधानमंत्री ने बयान दे दिया है। कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने रविवार को नई दिल्ली पर 40 राजनयिकों को बाहर निकालकर वियना कन्वेंशन का उल्लंघन करने का आरोप लगाया है। हरदीप निज्जर की हत्या की जांच में तय तक जाने की भी बात कही है।
ट्रूडो ने आरोप लगाया कि भारत ने जानबूझकर कनाडाई राजनयिकों की राजनयिक छूट को रद्द करके वियना कन्वेंशन का उल्लंघन किया है। पिछले महीने कनाडा ने भारत से 41 राजनयिकों को वापस बुला लिया था और उनकी छूट छीनने के केंद्र सरकार के फैसले के मद्देनजर चंडीगढ़, मुंबई और बेंगलुरु वाणिज्य दूतावासों में अपनी वीजा और काउंसलर सेवाएं भी रोक दी थीं।
ऐसा तब हुआ, जब नई दिल्ली ने भारत में राजनयिकों की असंगत संख्या पर ओटावा को अपनी चिंताओं से अवगत कराया और राजनयिक ताकत में ‘समानता’ की मांग की। भारत पर राजनयिक संबंधों पर वियना कन्वेंशन का उल्लंघन करने का आरोप लगाते हुए, कनाडाई विदेश मंत्री मेलानी जोली ने कहा कि दोनों देशों के बीच चल रही राजनयिक खींचतान के बीच ओटावा ने 41 राजनयिकों और उनके 42 आश्रितों को भारत से हटा दिया।
हालांकि, विदेश मंत्रालय (MEA) ने यह कहते हुए जवाब दिया कि नई दिल्ली और ओटावा में पारस्परिक राजनयिक उपस्थिति में समानता की मांग करते हुए भारत में किसी भी अंतरराष्ट्रीय मानदंडों का उल्लंघन नहीं किया गया है।
निज्जर मामले में भारत से सहयोग की अपील
ओटावा में पत्रकारों से बात करते हुए ट्रूडो ने कहा- शुरू से ही जब मुझे विश्वसनीय आरोपों के बारे में पता चला कि भारत सरकार के एजेंट कनाडाई धरती पर एक कनाडाई नागरिक की हत्या में शामिल थे तो हम उनसे पूछने के लिए भारत पहुंचे। इस मामले की तह तक जाने के लिए हमारे साथ काम करने का भी प्रस्ताव रखा। हमने अंतरराष्ट्रीय कानून और लोकतंत्र की संप्रभुता के इस गंभीर उल्लंघन पर काम करने के लिए अमेरिका और अन्य अपने मित्रों और सहयोगियों से भी संपर्क किया।”
इस मामले को ले रहे गंभीरता से
जस्टिन ट्रूडो ने कहा कि मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है। सभी भागीदारों के साथ काम करना जारी रखेंगे क्योंकि कानून प्रवर्तन और जांच एजेंसियां अपना काम करना जारी रखेंगी। कनाडा एक ऐसा देश है जो हमेशा कानून के शासन के लिए खड़ा रहेगा क्योंकि अगर ऐसा हो सकता है फिर से सही करें, अगर बड़े देश बिना परिणाम के अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन कर सकते है, तो पूरी दुनिया सभी के लिए और अधिक खतरनाक हो जाती है।
अमेरिकी विदेश मंत्री के बाद दिया बयान
कनाडाई पीएम की टिप्पणी अमेरिकी विदेश मंत्री एंथनी ब्लिंकन के उस बयान के ठीक बाद आई है जिसमें उन्होंने कहा था कि वॉशिंगटन कनाडा को “अपनी जांच (हरदीप निज्जर की हत्या) को आगे बढ़ाते हुए” देखना चाहता है और भारत को “ऐसा करने में मदद करने की जरूरत है”।
हालांकि, ट्रूडो ने कहा कि कनाडा भारत के साथ रचनात्मक रूप से काम करना चाहता है। ओटावा हमेशा कानून के शासन के लिए खड़ा रहेगा। वे बहुत स्पष्ट हैं कि इस गंभीर मामले पर भारत के साथ रचनात्मक रूप से काम करना चाहते हैं।