कोलंबो । अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने बुधवार को कहा कि वह कर्ज में डूबे श्रीलंका के साथ तकनीकी स्तर की बातचीत जारी रखेगा, ताकि नई सरकार बनने के बाद नीतिगत चर्चा शुरू की जा सके।श्रीलंका 1948 में ब्रिटेन से आजादी के बाद से सबसे भीषण आर्थिक संकट से जूझ रहा है। इस वजह से उसे राजनीतिक अस्थिरता का सामना भी करना पड़ रहा है। कोलंबो के एक न्यूज पोर्टल ने बताया कि आईएमएफ ने कहा कि वह अपनी नीतियों के अनुरूप श्रीलंका की सहायता करने के लिए प्रतिबद्ध है।
रिपोर्ट में आईएमएफ के हवाले से बताया गया कि श्रीलंका के साथ तकनीकी स्तर पर चर्चा शुरू हो गई है और नई सरकार बनने के बाद नीतिगत चर्चा को आगे बढ़ाया जाएगा। आईएमएफ ने कहा कि अभी 9-23 मई के दौरान वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए तकनीकी स्तर पर चर्चा शुरू हुई है और यह चर्चा तय योजना के अनुसार जारी है, ताकि नई सरकार बनने के बाद नीतिगत चर्चा की पूरी तैयारी रहे।
आईएमएफ ने यह भी कहा कि वह श्रीलंका के घटनाक्रम पर बारीकी से नजर रख रहा है और बढ़ते सामाजिक तनाव और हिंसा को लेकर चिंतित है। इससे पहले अप्रैल में दोनों पक्षों ने वाशिंगटन स्थित आईएमएफ मुख्यालय में पहले दौर की वार्ता की थी।