आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : वाराणसी में कांग्रेसियों और पुलिसकर्मियों की झड़प हो गई। मंगलवार दोपहर IIT-BHU गैंगरेप के विरोध में कांग्रेसी PM ऑफिस का घेराव करने जा रहे थे। इन्हें रोकने के लिए पुलिसकर्मियों ने 5 जगहों पर बैरिकेडिंग की थी। मगर कांग्रेसियों ने पहली बैरिकेडिंग तोड़ दी।

इसके बाद पुलिस ने उनकी घेराबंदी कर दी। पुलिस ने करीब 200 मीटर पहले गुड़गांव चौराहा के पास रोक लिया। इसके बाद कांग्रेस नेता सड़क पर ही बैठ गए। पुलिस के अफसरों से कांग्रेस पदाधिकारियों की तीखी नोक-झोंक और धक्का-मुक्की हुई। हालांकि, पुलिस ने उन्हें आगे नहीं बढ़ने दिया है।

इसके बाद सड़क पर बैठकर कांग्रेसियों ने ‘रघुपति राघव राजा राम’ की स्तुति की। 50 मिनट के बाद कांग्रेसियों ने प्रदर्शन रोक दिया गया। इसके साथ ही पुलिस अफसरों को ज्ञापन सौंपा। इसके बाद सभी लौट गए। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने सोमवार को IIT-BHU में गैंगरेप के विरोध में प्रदर्शन का ऐलान किया था। राय ने यूपी सरकार से पूछा,”तीनों भाजपा पदाधिकारियों के घरों पर बुलडोजर कब चलाया जाएगा?”

विरोध प्रदर्शन की 4 तस्वीरें देखिए…

IIT-BHU कैंपस में छात्रा के साथ हुआ था गैंगरेप

घटना 1 नवंबर की रात 1:30 बजे की है। IIT-BHU के हॉस्टल से एक छात्रा किसी जरूरी काम के लिए बाहर निकली। कैंपस के गांधी स्मृति चौराहे के पास उसका दोस्त मिला। तभी रास्ते में कर्मन बाबा मंदिर से करीब 300 मीटर दूर पीछे से एक बुलेट पर सवार तीन लड़के पहुंचे। बाइक खड़ी कर लड़की और उसके दोस्त को रोक लिया।​​

छात्रा का मुंह दबाकर एक कोने में ले गए। वहां बंदूक का डर दिखाकर कपड़े उतरवाए। वीडियो बनाया और फोटो खींची। फिर गैंगरेप किया। छात्रा वहां से भाग कर एक प्रोफेसर के आवास में घुस गई। प्रोफेसर ने छात्रा को गेट तक छोड़ा।

उसके बाद पार्लियामेंट सिक्योरिटी कमेटी के राहुल राठौर ने IIT-BHU पेट्रोलिंग गार्ड के पास ले गए। छात्रा ने अपने साथ हुई घटना की जानकारी दी। बताया कि तीनों आरोपियों में से एक मोटा, दूसरा पतला और तीसरा मीडियम हाइट का था।

30 दिसंबर की रात पकड़े गए तीनों आरोपी

छात्रा के साथ गैंगरेप की जानकारी होने पर कैंपस में हंगामा हो गया। घटना के 60 दिन बाद 30 दिसंबर की रात पुलिस ने आरोपियों को चेकिंग के दौरान पकड़ने की बात कही। आरोपियों की पहचान बृज एन्क्लेव कॉलोनी सुंदरपुर के कुणाल पांडेय, जिवधीपुर बजरडीहा के आनंद उर्फ अभिषेक चौहान और बजरडीहा के सक्षम पटेल के रूप में हुई है। तीनों BJP IT सेल से जुड़े हैं।

​पुलिस ने रविवार शाम को तीनों आरोपियों को मेडिकल कराने के बाद भारी सुरक्षा के बीच कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने तीनों आरोपियों को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया। तीनों आरोपियों ने पुलिस को बताया, वारदात के 3 दिन बाद यानी 5 नवंबर को शहर छोड़ दिया था। वे मध्य प्रदेश चले गए थे।