आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : नीतीश कुमार ने एक बार फिर से बिहार को विशेष राज्य का दर्जा देने की मांग की। उन्होंने कहा कि अगर केन्द्र सरकार विशेष राज्य का दर्जा नहीं देगी तो मैं आंदोलन शुरू करने वाला हूं। राज्य में विशेष दर्जे के लिए अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि वो यात्रा पर भी निकलेंगे।
नीतीश गुरुवार को पटना के सम्राट अशोक कन्वेंशन सेंटर के बापू सभागार में युवा उद्यमियों को उद्योग लगाने के लिए स्कीम की पहली किस्त देने पहुंचे थे। जहां उन्होंने ये बयान दिया।
आपको बता दें कि नीतीश कुमार साल 2012 से बिहार को विशेष राज्य का दर्जा देने की मांग कर रहे हैं। 2013 में जब वे एनडीए से अलग हुए, तब 2014 के लोकसभा चुनाव में भी उन्होंने इसे चुनावी मुद्दा बनाया। इसके बाद एक बार फिर से एनडीए से अलग हुए हैं तो 2024 चुनाव से पहले विशेष राज्य के मुद्दे को मजबूती से उठाना शुरू कर दिया है।
बीजेपी बोली-नीतीश अपने लिए करेंगे आंदोलन
सीएम के बयान पर बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष सम्राट चौधरी ने कहा कि नीतीश 18 साल से मुख्यमंत्री हैं। लालू ने 15 साल बिहार में राज किया है।नीतीश-लालू यादव ने बिहार को गर्त में ले जाने का काम किया है।
बिहार सरकार केंद्र सरकार के पैसे से चलती है। नीतीश कुमार मोदी जी के आशीर्वाद से सीएम बने हुए थे। नीतीश कुमार सिर्फ अपने लिए यह आंदोलन करेंगे।बिहार की जनता समझ चुकी है नीतीश कुमार का क्या उद्देश्य है।
नीतीश कुमार ने जनता को सिर्फ मूर्ख बनाया
विशेष राज्य के दर्जे की मांग पर बीजेपी सांसद रामकृपाल यादव ने कहा है कि नीतीश कुमार कांग्रेस के साथ हैं। कांग्रेस ने ही विशेष राज्य के दर्जे के कानून पर रोक लगा दी थी। नीतीश कुमार के जाने का वक्त हो चुका है, तो आंसू बहा रहे हैं। केंद्र के पैसे से बिहार में विकास का कार्य हो रहा है। नीतीश कुमार ने जनता को सिर्फ मूर्ख बनाने का काम किया है।
केंद्र की योजनाओं पर उठाए सवाल
इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने लाभुकों को डेढ़ लाख रुपए दिए। सीएम नीतीश कुमार ने 4, 671 लाभार्थियों को योजना की राशि दी। इस दौरान सीएम नीतीश कुमार ने इस दौरान केंद्र सरकार की योजनाओं पर भी सवाल उठाए। कार्यक्रम के दौरान सीएम नीतीश कुमार ने अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री जमा खान के बारे में पूछा। उन्हें कार्यक्रम में शामिल होना था। लेकिन अधिकारियों ने बताया कि वो दिल्ली में है। जिसके बाद सीएम ने कहा कि उन्हें तो बोला था आना के लिए, आना चाहिए था।
2018 में की योजना की शुरुआत
सीएम नीतीश कुमार ने इस दौरान कहा कि साल 2018 में उद्यमी योजना की शुरुआत की थी। साल 2021 में सात निश्चय दो की शुरुआत की। महिला उद्यमी योजना की शुरुआत की। महिलाओं को पांच लाख के अनुदान की शुरुआत की। हर वर्ग की महिलाओं को यह देना शुरू भी किया। उन्होंने कहा कि मैं जनता की मदद कर रहा हूं। लाभ लीजिए और खूब आगे बढ़िए।
युवक ने सीएम से लगाई गुहार
कार्यक्रम के दौरान एक युवक ने सीएम नीतीश कुमार के सामने गुहार लगाई। इसके बाद सीएम नीतीश कुमार ने युवक की बात सुनने के लिए उद्योग विभाग अधिकारी को कहा। अधिकारी पंकज दीक्षित ने युवक से पूरी बात सुनी। युवक ने कहा है कि मैं साइबर क्राइम कंट्रोल से जुड़ा उद्योग लगाना चाहता हूं। लेकिन बैंक मैनेजर की तरफ से कहा जाता है कि जिस उद्योग के लिए अनुदान मिला है, वह लगाएं। उसके आवेदन को सीएम OSD को सौंपा गया।
उद्योग मंत्री बोले- यह योजना मुख्यमंत्री की सोच
उद्योग मंत्री समीर महासेठ ने अपने संबोधन के दौरान कहा कि बिहार उद्योग के क्षेत्र में बिहार को टॉप 10 में लाएंगे। अगले दो सालों में टॉप-10 में और चार साल में टॉप-5 में जगह बनाएंगे। उद्यमियों से अपील करते हुए कहा है कि उद्योग बढ़ेगा तभी बिहार आगे बढ़ेगा। यही हमारा सपना है।
वहीं वित्त मंत्री विजय चौधरी ने उद्यमियों को संबोधित करते हुए कहा कि सीएम उद्यमी योजना मुख्यमंत्री की सोच है।। ऐसी योजना किसी राज्य में नहीं चल रही है। दस लाख में पांच लाख रुपए अनुदान है। आधी राशि में से 85 फीसदी पर ब्याज नहीं लगता। यह योजना समाज को बदलने वाली है।