नई दिल्ली । रूस और यूक्रेन के बीच चल रही जंग से कच्चे तेल की कीमत में अ‎धिक बढ़ोतरी हो गई है। इससे कई देशों में महंगाई ने कई दशकों का रेकॉर्ड तोड़ ‎दिया है। ब्रिटेन में महंगाई 30 साल के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई है। इससे लोगों को दो जून की रोटी जुटाना भी मुश्किल हो रहा है। देश में मंदी की आहट सुनाई देने लगी है। एक नई रिसर्च के मुताबिक अगले एक साल में करीब 15 लाख परिवार खाने पीने की चीजों और एनर्जी का बिल चुकाने की स्थिति में नहीं होंगे।

महंगाई और भारी टैक्स ने उनका बजट बिगाड़कर रख दिया है। एक शोध के मुताबिक ब्रिटेन इस साल मंदी की चपेट में आ जाएगा। उसने लोगों को इस स्थिति से बचाने के लिए वित्त मंत्री ऋषि सुनक से और उपाय करने की अपील की है। वित्त मंत्रालय का कहना है कि सरकार लोगों की हरसंभव मदद कर रही है। बताया जा रहा है ‎कि महंगाई की सबसे ज्यादा मार गरीब परिवारों पर पड़ी है।

बैंक ऑफ इंग्लैंड का कहना है कि कुछ ही महीनों में महंगई 10 फीसदी तक पहुंच सकती है। एक रिपोर्ट के मुताबिक सरकार को मई से अक्टूबर के बीच यूनिवर्सल क्रेडिट में हर हफ्ते 25 पाउंड की बढ़ोतरी करनी चाहिए। इससे सरकार पर 1.3 अरब पाउंड का बोझ पड़ेगा। अगर उन्हें यह सपोर्ट नहीं दिया गया तो इससे देश में गरीबी बढ़ेगी। इससे लाखों परिवारों के सामने भूखों मरने की नौबत आ जाएगी।