आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : ग्वालियर में बुजुर्ग एवं दिव्यांग मतदाताओं को उनके घर पर ही बूथ बनाकर मतदान की सुविधा उपलब्ध कराने के लिये तैनात किए गए मतदान दलों को सोमवार को विशेष प्रशिक्षण दिया गया। यहां जीवाजी विश्वविद्यालय के गालव सभागार में आयोजित हुए प्रशिक्षण में बताया गया कि मतदान केन्द्र की तरह घर पर ही विधिवत बूथ बनाकर बुजुर्ग एवं मतदाताओं के वोट डलवाए जाएंगे। इस दौरान मत की गोपनीयता का पालन भी सुनिश्चित किया जाएगा। घर पर मतदान के दौरान प्रत्याशियों के अभिकर्ता भी मौजूद रह सकेंगे।
संयुक्त कलेक्टर एवं डाक मत पत्र प्रभारी अशोक चौहान ने बताया कि जिले में 3275 बुजुर्ग एवं दिव्यांग मतदाताओं ने घर से ही वोट डालने की सहमति दी है। इनमें लगभग कुल 2562 बुजुर्ग एवं 713 दिव्यांग मतदाता शामिल हैं। उन्होंने बताया कि 10 नवम्बर, 11 नवम्बर व 13 नवम्बर को बुजुर्ग एवं दिव्यांग मतदाताओं के घर-घर जाकर मतदान कराया जाएगा।
80 से ज्यादा उम्र या 40 प्रतशित से अधिक दिव्यांग को मिलेगी सुविधा
भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के तहत ग्वालियर जिले के भी सभी विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में 80 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के बुजुर्ग और 40 प्रतिशत से अधिक दिव्यांगता वाले मतदाताओं को घर बैठे ही मतदान की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। उन बुजुर्गों व दिव्यांगों को यह सुविधा मिलेगी, जिन्होंने निर्धारित प्रपत्र में आवेदन कर घर पर ही वोट डालने की इच्छा जताई है। प्रदेश स्तरीय मास्टर ट्रेनर्स एस बी ओझा ने प्रशिक्षण के दौरान मतदान की बारीकियाँ सिखाईं। साथ ही भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों की भी विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि संबंधित बुजुर्ग व दिव्यांग मतदाता एवं उस क्षेत्र के प्रथ्याशियों को विधिवत सूचित कर संबंधित बुजुर्ग व दिव्यांग के घर मतदान दल मतदान कराने पहुँचेंगे।
एक बार नहीं मिले तो फिर मतदान कराने जाएगा दल
यदि पहली बार दिव्यांग व बुजुर्ग घर पर नहीं मिलते हैं तो पुन: सूचना देकर उन्हें एक बार और घर पर ही वोट डालने की सुविधा उपलब्ध कराई जायेगी। इस अवसर पर संयुक्त कलेक्टर एवं डाक मत पत्र प्रभारी अशोक चौहान एवं रिटर्निंग अधिकारी ग्वालियर अतुल सिंह व रिटर्निंग अधिकारी ग्वालियर पूर्व विनोद सिंह सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद थे।