आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : प्रदेश के वाणिज्यक कर विभाग द्वारा किए गए डेटा एनालिटिक्स के बाद विभाग को टैक्स चोरी करने वाले व्यापारियों की धरपकड़ करने औऱ टैक्स कलेक्शन बढ़ाने का लाभ मिलने लगा है। इसी डेटा सिस्टम का उपयोग कर विभाग ने अकेले दिसंबर माह में तीन हजार करोड़ रुपए से अधिक का टैक्स कलेक्शन किया है। विभाग को उम्मीद है कि मार्च तक इसमें और सुधार होगा व कलेक्शन बढ़ेगा।
नई सरकार बनने के बाद वाणिज्यिक कर विभाग के कर संग्रहण में आई तेजी से विभाग के अधिकारियों में आने वाले समय में और अधिक टैक्स कलेक्शन होने की उम्मीद जगी है। वाणिज्यिक कर विभाग के आयुक्त लोकेश जाटव ने बताया कि जीएसटी संग्रहण की व्यवस्था लागू होने के बाद से अब तक प्रदेश के इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ है कि 3000 करोड़ का टैक्स कलेक्शन का आंकड़ा एक माह में पार हो गया है। उन्होंने कहा कि दिसंबर 2022 से दिसंबर 2023 के बीच में एक साल की अवधि में जीएसटी का ग्रोथ 21% बढ़ा है।
डेटा एनालिटिक्स से हो रहा फायदा
जाटव ने कहा कि यह सब डेटा एनालिटिक्स पर जोर देने की विभाग की व्यवस्था के चलते हो पा रहा है। विभाग ने डेटा एनालिटिक्स व्यवस्था लागू कर मास्टर डेटा के आधार पर कार्रवाई शुरू की है और इस डेटा के माध्यम से कर चोरी पकड़ने का काम तेज किया है। इसके लिए विभाग का कंप्लायंस भी तेज हुआ है और इसके लिए कर सलाहकारों की मदद ली गई है। इन सबके प्रयास से विभाग के लिए दिसंबर 2023 में 3304 करोड़ रुपए का संग्रहण कर चुका है।
उप मुख्यमंत्री व वाणिज्यिक कर मंत्री देवड़ा ने की सराहना
टैक्स कलेक्शन की अच्छी ग्रोथ पर उपमुख्यमंत्री और वित्त एवं वाणिज्यिक कर विभाग के मंत्री जगदीश देवड़ा ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर ट्वीट कर कहा है कि प्रदेश के वाणिज्यिक कर विभाग ने जीएसटी राजस्व संग्रहण का नया रिकॉर्ड बनाया है। वाणिज्यिक कर विभाग द्वारा माह दिसंबर 2023 में 3304 करोड़ रुपए जीएसटी राजस्व प्राप्त किया गया है। यह राशि जुलाई 2017 में जीएसटी लागू होने के उपरांत किसी भी माह में प्राप्त सर्वाधिक राजस्व है। वाणिज्यिक कर विभाग की इस ऐतिहासिक उपलब्धि केस लिए प्रदेश के कर्मठ करदाता, कर सलाहकार, चार्टर्ड एकाउंटेंटस एवं विभागीय अधिकारी बधाई के पात्र हैं।