आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : अयोध्या में प्राणप्रतिष्ठा से ठीक 6 दिन पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दो दिन के आंध्र प्रदेश-केरल दौरे पर हैं। मंगलवार को उन्होंने लेपाक्षी पहुंचकर 486 साल पुराने वीरभद्र मंदिर में पूजा की। मंदिर परिसर में बैठकर पीएम मोदी ने राम भजन भी किया।

इसके बाद, पीएम मोदी सत्यसाई जिले के पलासमुद्रम जाएंगे। जहां वे नेशनल एकेडमी ऑफ कस्टम, इनडायरेक्ट टैक्स एंड नार्कोटिक्स (NACIN) इंस्टीट्यूट का इनॉगरेशन करेंगे। वे दोपहर 3:30 बजे पलासमुद्रम पहुंचेंगे।

शाम 7:15 बजे केरल के कोच्चि में रोड शो भी करेंगे और 17 जनवरी की सुबह केरल के गुरुवयूर मंदिर में पूजा और दर्शन करेंगे।

क्यों खास है लेपाक्षी

लेपाक्षी का वीरभद्र मंदिर करीब 486 साल पुराना है। मंदिर को ‘हैंगिंग पिलर टेंपल’ के नाम से भी जाना जाता है। इस मंदिर में कुल 70 खंभे हैं, जिसमें से एक खंभा जमीन से जुड़ा नहीं है। वो रहस्यमयी तरीके से हवा में लटका हुआ है।

रामायण में भी इसका खास महत्व है। दरअसल, जब रावण माता सीता का अपहरण कर रहा था तो उससे युद्ध के बाद जटायु घायल होकर यहीं गिर पड़ा था। मरते हुए जटायु ने भगवान राम को बताया था कि माता सीता को रावण दक्षिण की ओर ले गया है।

NACIN इंस्टीट्यूट में बने सेंटर देखेंगे

राज्य सरकार की तरफ से जारी प्रेस नोट के मुताबिक, पीएम NACIN ऑफिस के फर्स्ट फ्लोर पर बने स्मगलिंग सेंटर, नार्कोटिक्स स्टडी सेंटर और वाइल्ड लाइफ डिटेक्शन सेंटर को देखने जाएंगे। वह ग्राउंउ फ्लोर पर बने एक्स-रे और बैगेज स्क्रीनिंग सेंटर को भी देखेंगे। फिर एजुकेशन ब्लॉक का दौरा करेंगे, जहां वे ट्रेनी IRS अधिकारियों के साथ भी बातचीत करेंगे।

अब जानिए क्या है NACIN

आंध्र प्रदेश में NACIN की स्थापना को केंद्र सरकार ने आंध्र प्रदेश पुनर्गठन अधिनियम 2014 के तहत मंजूरी दी थी। 2022 में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कैंपस के भूमि भूजन में हिस्सा लिया था। तब निर्मला ने कहा था कि इंस्टीट्यूट के लिए पहले चरण में 729 करोड़ रुपये खर्च किये जायेंगे।

IAS अधिकारियों को जिस तरह मसूरी के लाल बहादुर शास्त्री एकेडमी और IPS अधिकारियों को हैदराबाद के सरदार वल्लभभाई पटेल एकेडमी में ट्रेनिंग दी जाती है। उसी तरह आंध्र प्रदेश के पलासमुद्रम में बना NACIN इंस्टीट्यूट IRS अधिकारियों को ट्रेनिंग देगा।