सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क– इंटीग्रेटेड ट्रेड .. न्यूज़ भोपाल : अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) भोपाल के कार्यपालक निदेशक अजय सिंह ने मध्य प्रदेश सरकार के माननीय उप मुख्यमंत्री एवं लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, चिकित्सा शिक्षा मंत्री राजेंद्र शुक्ला से शिष्टाचार भेंट की। भेंट के दौरान एकीकृत स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ावा देने और राज्य के लिए नवीन स्वास्थ्य सेवा समाधान तलाशने पर ध्यान केंद्रित किया गया। चर्चा के प्रमुख परिणामों में से एक मध्य प्रदेश सरकार के दायरे में आने वाले अस्पतालों के लिए ई-आईसीयू सेवाएं शुरू करने की एम्स भोपाल की पहल की घोषणा थी। यह अभूतपूर्व कदम राज्य भर में महत्वपूर्ण देखभाल सेवाओं को बढ़ाने और रोगी परिणामों में सुधार करने के लिए तैयार है।
इसके अलावा, दोनों पक्षों ने ‘एक राज्य एक स्वास्थ्य’ नीति के कार्यान्वयन पर भी विचार-विमर्श किया। एम्स भोपाल इस दूरदर्शी नीति को साकार करने में मध्य प्रदेश सरकार की सहायता के लिए अपनी विशेषज्ञता प्रदान करेगा । एक बार सफलतापूर्वक लागू होने के बाद, मध्य प्रदेश ‘एक राज्य एक स्वास्थ्य’ के लक्ष्य को हासिल करने वाला देश का पहला राज्य होगा, जो एम्स और राज्य सरकार के बीच सहयोगात्मक प्रयासों से सफल होगा । शैक्षणिक सहायता की आवश्यकता को पहचानते हुए, एम्स भोपाल ई-क्लासरूम शुरू करके मध्य प्रदेश सरकार के नव स्थापित मेडिकल कॉलेजों को अपनी सहायता प्रदान करेगा। इस पहल का उद्देश्य इन संस्थानों में छात्रों को एम्स भोपाल के अनुभवी संकाय सदस्यों के व्याख्यान तक पहुंच प्रदान करना है, जिससे राज्य में चिकित्सा शिक्षा की गुणवत्ता में वृद्धि होगी।
बैठक के दौरान प्रोफेसर अजय सिंह ने भोपाल गैस त्रासदी पीड़ितों के लिए कैंसर के इलाज का गंभीर मुद्दा भी उठाया। उन्होंने माननीय उपमुख्यमंत्री से त्रासदी से प्रभावित कैंसर रोगियों के इलाज के लिए समझौता ज्ञापन (एमओयू) में तेजी लाने का अनुरोध किया। माननीय उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला ने अजय सिंह को इन स्वास्थ्य देखभाल पहलों को साकार करने में सरकार के पूर्ण समर्थन का आश्वासन दिया। सरकार की प्रतिबद्धता एम्स भोपाल और राज्य के बीच सहयोगात्मक भावना से मध्य प्रदेश के लोगों को बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हो सकेंगी ।