सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : भोपाल। अभिजीत दीपके ने मराठा आरक्षण आंदोलन के कार्यकर्ता मनोज जरांगे से उनके जारी अनशन के दौरान मुलाकात की और उनसे आंदोलन का यह तरीका वापस लेने की अपील की। दीपके ने कहा कि महाराष्ट्र को जरांगे के नेतृत्व और उनकी मौजूदगी की जरूरत है।

बताया गया है कि दीपके ने मराठा समाज की मांगों को लेकर सरकार के रवैये की आलोचना की और उसे “निर्दयी” बताया। उन्होंने अनशन के दौरान जरांगे की बिगड़ती सेहत पर चिंता जताई और आग्रह किया कि वे अनशन खत्म करने पर विचार करें, जबकि संघर्ष को अन्य लोकतांत्रिक तरीकों से जारी रखें।

मनोज जरांगे महाराष्ट्र में मराठा आरक्षण आंदोलन के केंद्र में रहे हैं। उनके विरोध प्रदर्शनों ने बार-बार बड़े पैमाने पर जनध्यान खींचा है। आरक्षण की मांग और मराठा समाज को लाभ पहुंचाने वाले उपायों के क्रियान्वयन का मुद्दा लगातार राजनीतिक रूप से संवेदनशील बना हुआ है और इस पर बहस जारी है।

मुलाकात के दौरान दीपके ने समुदाय की चिंताओं को सामने रखने में जरांगे की भूमिका को अहम बताया। उन्होंने जरांगे से अपनी सेहत की रक्षा करने और जीवन को जोखिम में डाले बिना इस मुद्दे के लिए काम जारी रखने की अपील की।

यह मुलाकात मराठा आरक्षण मुद्दे और समुदाय की मांगों पर सरकार की प्रतिक्रिया को लेकर जारी राजनीतिक और सामाजिक चर्चाओं के बीच हुई है। जरांगे के अनशन ने एक बार फिर इस मुद्दे को केंद्र में ला दिया है और राजनीतिक नेतृत्व पर चिंताओं का समाधान करने का दबाव बढ़ाया है।

महाराष्ट्र में आरक्षण मांगों को लेकर तनाव बना हुआ है। समर्थक ठोस समाधान चाहते हैं, वहीं नेता और शुभचिंतक संवाद तथा शांतिपूर्ण राजनीतिक रास्ते पर जोर दे रहे हैं।


Hashtags: #MaharashtraState #Bhopal #AbhijitDeepke #ManojJarange #MarathaReservation #HungerStrike #महरषट #रजय #भपल #अभजतद