आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शाहबाज शरीफ ने अपने बड़े भाई और पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ को पाकिस्तान लौटने को कहा है। उन्होंने नवाज शरीफ से अपनी पार्टी पाकिस्तान मुस्लिम लीग (नवाज) का चुनावी कैंपेन लीड करने और चौथी बार देश का प्रधानमंत्री बनने की अपील की है। दरअसल, शुक्रवार को पार्टी की सेंट्रल जनरल काउंसिल की बैठक के दौरान शाहबाज को फिर से अध्यक्ष चुना गया।

इसके बाद हुई बैठक में शाहबाज ने कहा कि वो अपने बड़े भाई का इंतजार कर रहे हैं। जब नवाज लौटेंगे तब देश की राजनीति पूरी तरह से बदल जाएगी। नवाज शरीफ हेल्थ प्रॉब्लम की वजह से नवंबर 2019 से लंदन में रह रहे हैं। शाहबाज ने कहा कि जब नवाज वापस आ जाएंगे तो वो फिर से मीटिंग करके उन्हें पार्टी का अध्यक्ष घोषित कर देंगे। बात दें कि पाकिस्तान में इस साल अक्टूबर में आम चुनाव होने हैं।

PM शाहबाज बोले- हमारे ऊपर लटकी है चुनाव आयोग की तलवार

पीएम शहबाज शरीफ ने पार्टी की बैठक करने की वजह चुनाव आयोग को बताया। उन्होंने कहा- हमारे ऊपर चुनाव आयोग की तलवार लटकी हुई है। हमने उस समय देश की सत्ता संभाली जब हर मामले में हमारी स्थिति खराब थी। महंगाई ने लोगों की कमर तोड़ रखी थी और तेल की कीमतें आसमान छू रही थीं। ऐसे समय में हमारी गठबंधन की सरकार ने साथ मिलकर चुनौतियों का सामना करने का फैसला किया।

उन्होंने कहा- हमने इस बार के बजट में लोगों की सैलरी और पेंशन में वृद्धि की है। हम IMF के साथ भी जल्द ही डील फाइनल कर लेंगे। बैठक के दौरान शाहबाज ने कहा कि PML-N को एक युवा नेतृत्व की जरूरत है। इसके अलावा बैठक में नवाज शरीफ की बेटी मरियम शरीफ की भी सराहना की गई।

मरियम बोलीं- नवाज से पूछे बिना कोई फैसला नहीं लेते शाहबाज

मरियम नवाज ने कहा- आज हमारी पार्टी इसलिए खड़ी है क्योंकि मुश्किल समय में कार्यकर्ताओं ने हमारा साथ दिया। शाहबाज ने अपने भाई नवाज से पूछे बिना आज तक कोई फैसला नहीं लिया। नवाज और PML-N ने आज तक कई कठिनाइयां देखी हैं और सबका साथ मिलकर सामना किया है।

3 बार पाकिस्तान के प्रधानमंत्री बन चुके हैं नवाज शरीफ

नवाज शरीफ अब तक 3 बार पाकिस्तान के प्रधानमंत्री रह चुके हैं। पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट ने 2017 में नवाज शरीफ को पनामा पेपर्स मामले में अयोग्य घोषित कर दिया था, जिसके बाद उन्हें किसी भी पार्टी में शामिल होने से रोक दिया गया था। लाहौर हाईकोर्ट ने 2019 में नवाज को इलाज कराने के लिए चार हफ्ते के लिए विदेश जाने की इजाजत दी थी। 19 नवंबर, 2019 को नवाज लंदन आए थे और तब से देश वापस नहीं लौटे।

कोर्ट ने 2018 में नवाज को अल-अजीजिया स्टील मिल्स भ्रष्टाचार मामले में दोषी ठहराते हुए सात साल की सजा सुनाई थी। वहीं एवनफील्ड प्रॉपर्टी मामले में उन्हें 11 साल की सजा सुनाई गई थी और 80 करोड़ रुपए का जुर्माना लगाया गया था। 16 नवंबर 2019 को लाहौर हाई कोर्ट ने नवाज की सजा सस्पेंड करते हुए उन्हें इलाज के लिए विदेश जाने की इजाजत दी।