आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : कांग्रेस नेता राहुल गांधी मंगलवार देर रात यूरोप दौरे के लिए रवाना हुए। वो 6 सितंबर से 10 सितंबर (5 दिन) तक 4 यूरोपीय देशों- फ्रांस, बेल्जियम, नीदरलैंड्स और नॉर्वे की यात्रा करेंगे। इस दौरान राहुल गांधी यूरोपियन यूनियन के मेंबर्स और भारतीय समुदाय के लोगों और यूनिवर्सिटी स्टूडेंट्स के साथ बातचीत करेंगे।
राहुल गांधी का ये दौरा ऐसे समय हो रहा है जब देश की राजधानी दिल्ली में G20 समिट हो रही है। वो समिट खत्म होने के एक दिन बाद 11 सितंबर को भारत लौटेंगे। वहीं, भारत जोड़ो यात्रा का एक साल पूरा होने पर कई कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। वो इन कार्यक्रमों में शामिल नहीं होंगे।
गांधी ने पिछले साल यानी 7 सितंबर 2022 को कन्याकुमारी से भारत जोड़ो यात्रा शुरू की थी। ये 12 राज्यों और दो केंद्र शासित प्रदेशों में लगभग 4,000 किलोमीटर की यात्रा करने के बाद 30 जनवरी को श्रीनगर में खत्म हुई थी।
राहुल गांधी के यूरोप दौरे के कार्यक्रम पर एक नजर…
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, 7 सितंबर को गांधी बेल्जियम की राजधानी ब्रसेल्स में यूरोपियन यूनियन के मेंबर्स से मिलेंगे। इसी तरह की एक मीटिंग वो द हेग में भी करेंगे। वो मानवाधिकारों पर यूरोपीय संसद की उपसमिति के अध्यक्ष उडो बुलमैन के साथ भी बैठक करेंगे।
8 सितंबर को वो फ्रांस की राजधानी पेरिस में यूनिवर्सिटी स्टूडेंट्स को संबोधित करेंगे।
9 सितंबर को पेरिस में फ्रांस के लेबर यूनियन की बैठक में भी हिस्सा लेंगे।
10 सितंबर को गांधी नॉर्वे की राजधानी ओस्लो में भारतीय समुदाय के लोगों को संबोधित करेंगे। विदेश मंत्री, विपक्ष के नेता और पूर्व प्रधानमंत्री एर्ना सोलबर्ग से मुलाकात करेंगे। इसके अलावा वो सांसदों और बिजनेस लीडर्स के साथ भी बैठकें करेंगे।
राहुल गांधी G20 शिखर सम्मेलन खत्म होने के अगले दिन यानी 11 सितंबर को भारत वापस लौटेंगे। G20 समिट 9-10 सितंबर को दिल्ली में होगी।
जून में 10 दिन के US दौरे पर थे राहुल
राहुल गांधी इससे पहले 31 मई को अमेरिका के दौरे पर गए थे। 10 दिन की विजिट में उन्होंने वॉशिंगटन, न्यूयॉर्क, सैन फ्रांसिस्को में प्रवासी भारतीयों को भारत में लोकतंत्र, सुरक्षा और राजनीति के मुद्दे पर संबोधित किया था।
पढ़िए राहुल ने अमेरिका में क्या कहा था?
1 जून, वॉशिंगटन, प्रेस क्लब- कांग्रेस नेता ने वॉशिंगटन डीसी के नेशनल प्रेस क्लब में मीडिया के सवालों के जवाब दिए थे। सांसदी जाने के सवाल पर राहुल ने कहा था- मुझे 1947 के बाद मानहानि के मामले में सबसे बड़ी सजा मिली है। मैंने संसद में अडाणी को लेकर स्पीच दी थी, जिसका मुझे तोहफा मिला। इसी वजह से मुझे डिस्क्वालिफाई कर दिया गया।
भारत में प्रेस आजाद नहीं, लोग बेरोजगारी-महंगाई से परेशान- राहुल ने कहा था- भारत में प्रेस की स्वतंत्रता कमजोर होती जा रही है और यह बात सभी जानते हैं। मुझे लगता है कि लोकतंत्र के लिए प्रेस की स्वतंत्रता और आलोचना को सुनना जरूरी है। मैं जो भी सुनता हूं उस पर विश्वास नहीं करता। मैं पूरे भारत में घूमा हूं। कन्याकुमारी से कश्मीर तक घूमा हूं। लाखों भारतीयों से सीधे बात की है। मुझे वो लोग खुश नहीं लगे और वो बेरोजगारी, महंगाई से बहुत परेशान हैं। लोगों में गुस्सा था।
देश में बढ़ती महंगाई और रिकॉर्ड बेरोजगारी के चलते अमीरों और गरीबों के बीच की खाई बढ़ती जा रही है। ऐसे में अर्थव्यवस्था को लेकर PM मोदी के दावों पर भरोसा करना मुश्किल लगता है।