आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर आपत्तिजनक बयान देने वाले अमेरिकी अरबपति जॉर्ज सोरोस ने अपना 20 लाख करोड़ रुपए का एम्पार बेटे को सौंप दिया है। अमेरिकी न्यूजपेपर द वॉल स्ट्रीट जर्नल ने अपनी रिपोर्ट में इसकी जानकारी दी है। बताया है कि जॉर्ज सोरोस का सारा एम्पायर अब उनके बेटे अलेक्जेंडर सोरोस के हवाले होगा, जो उनसे भी ज्यादा राजनीतिक हैं।
दरअसल, सोरोस अपनी ओपन सोसाइटी फाउंडेशन के जरिए दुनिया के 120 देशों में सालाना 12 हजार करोड़ रुपए खर्च करते हैं। जो वहां मानवाधिकारों को लेकर और लोकतंत्र मजबूत करने पर खर्च किए जाते हैं। हालांकि, इस सोसाइटी पर दूसरे देशों के लोकतंत्र में दखलअंदाजी के आरोप भी लगे हैं।
अलेक्जेंडर ने कहा- मैं पिता की तरह सोचता हूं
सोरोस चाहते थे कि ओपन सोसाइटी फाउंडेशन को उनके पांचों बच्चे मिल कर संभालें। हालांकि, अब इसकी जिम्मेदारी 37 साल के अलेक्जेंडर सोरोस को सौंप दी गई है। वो ओपन सोसाइटी फाउंडेशन के चेयरमैन होंगे। सोरोस एम्पायर का मालिक बनने के बाद अलेक्जेंडर सोरोस ने कहा- मैं अपने 92 साल के पिता से भी ज्यादा राजनीतिक हूं। हालांकि, मेरा सोचने का तरीका उन्हीं के जैसा है। पिता के बाद मैं भी अपनी कमाई का इस्तेमाल लिबरल राजनेताओं को समर्थन करने में करूंगा।
ट्रम्प पर कहा- वो फिर सत्ता में आए तो ये चिंता की बात
अलेक्जेंडर सोरोस ने कहा कि अगर ट्रम्प फिर से सत्ता में आते हैं तो ये अमेरिका के लिए चिंता की बात होगी। उनके पिता ने भी 2017 में अमेरिका के तत्कालीन राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को ‘ठग’ कह दिया था। अलेक्जेंडर 2024 में अमेरिका में होने वाले चुनाव में पॉलिटिकल फंडिंग करने वाले हैं। उन्होंने कहा- मैं राजनीति से अपना पैसा तभी निकालने को तैयार हूं जब, दूसरी तरफ से भी ऐसी पहल होगी।
विदेश मंत्री जयशंकर ने जॉर्ज सोरोस का बताया था बूढ़ा, जिद्दी और खतरनाक
जॉर्ज सोरोस के PM मोदी पर दिए आपत्तिजनक बयान पर भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने पलटवार किया था। उन्होंने अमेरिका के बिलेनियर कारोबारी जॉर्ज सोरोस को बूढ़ा, अमीर, जिद्दी और खतरनाक बताया था।
जयशंकर ने ऑस्ट्रेलिया दौरे पर सोरोस पर कहा था- सोरोस जैसे लोगों को लगता है कि अगर उनकी पसंद का व्यक्ति चुनाव जीतता है, तो वो चुनाव अच्छा था, लेकिन अगर नतीजा कुछ और निकले तो वो देश के लोकतंत्र में खामियां ढूंढ़ने लगते हैं। वो चाहते हैं कि दुनिया उनके हिसाब से चले।
जॉर्ज सोरोस को सेकेंड वर्ल्ड वॉर में छोड़ना पड़ा था घर
92 साल के जॉर्ज सोरोस दुनिया के सबसे अमीर लोगों में से एक हैं। सोरोस एक यहूदी हैं, जिस वजह से सेकेंड वर्ल्ड वॉर के समय उन्हें अपना देश हंगरी छोड़ना पड़ा था। 1947 में वे लंदन पहुंचे। उन्होंने लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स में फिलॉसफी की पढ़ाई की।