आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : र‍िजर्व बैंक ऑफ इंड‍िया (RBI) ने बैंकों को ‘रुपे प्रीपेड फॉरेक्स कार्ड’ जारी करने की परमिशन देने का फैसला किया है। RBI के इस कदम से विदेश यात्रा करने वाले भारतीयों को पेमेंट का एक नया ऑप्शन मिलेगा। RBI के गवर्नर शक्तिकांत दास ने 8 जून (गुरुवार) को इस बारे में बताया।

इंटरनेशनल लेवल पर किया जा सकेगा फॉरेक्स कार्ड का यूज

फॉरेक्स कार्ड का यूज ATM, POS मशीन और विदेश में ऑनलाइन व्यापारियों के लिए किया जा सकेगा। इसके अलावा बैंक विदेश में रुपे डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड और प्रीपेड कार्ड जारी कर सकेंगे। जिसका इस्तेमाल भारत समेत इंटरनेशनल लेवल पर किया जा सकता है।

शक्तिकांत दास ने कहा कि बैंकों की तरफ से जारी किए जाने वाले रुपे डेबिट और क्रेडिट कार्ड की विदेश में स्वीकार्यता बढ़ रही है। अब केंद्रीय बैंक ने बैंकों को रुपे प्रीपेड फॉरेक्स कार्ड जारी करने की इजाजत देने का फैसला किया है।

फॉरेक्स कार्ड से क्रॉस-बॉर्डर ट्रांजैक्शन का एक आसान ऑप्शन मिलेगा

FIS में डेवलपमेंट बैंकिंग एंड पेमेंट्स की इंडिया हेड राजश्री रेंगन ने कहा कि बैंकों को रुपे प्रीपेड फॉरेक्स कार्ड जारी करने की इजाजत मिल जाने से क्रॉस-बॉर्डर ट्रांजैक्शन का एक आसान ऑप्शन मिलेगा। इससे इंटरनेशनल ट्रेड से जुड़े लोगों को काफी सुविधा होगी। इससे विदेश जाने वाले लोगों को भी काफी सुविधा होगी। रुपे प्रीपेड फॉरेक्स कार्ड का इस्तेमाल ATM, PoS मशीन और दूसरे मर्चेंट प्वाइंट पर किया जा सकेगा।

फॉरेन ज्यूरिडिक्शंस में पेमेंट के ऑप्शन में और मजबूत मिलेगी

बैंकबाजार डॉटकॉम के CEO आदिल शेट्टी ने कहा कि फॉरेन ज्यूरिडिक्शंस में रुपे प्रीपेड फॉरेक्स कार्ड होने से पेमेंट के ऑप्शन के रूप में इसकी स्थिति और मजबूत होगी। रुपए NPCI का प्रोडक्ट है। NPCI देश में रिटेल पेमेंट सिस्टम के लिए जिम्मेदार है।

पेमेंट एंड सेटलमेंट सिस्टम एक्ट 2007 के तहत RBI और इंडियन बैंक्स एसोसिएशन (IBA) को एक सुरक्षित इलेक्ट्रॉनिक पेमेंट और सेटलमेंट सिस्टम बनाने का अधिकार हासिल है। रुपए कार्ड्स को लॉन्च करने का मकसद डिजिटल पेमेंट और इकोनॉमिक ग्रोथ को बढ़ावा देने के साथ ही आत्मनिर्भर फाइनेंशियल सिस्टम तैयार करना था।

रुपे ने पिछले सात साल में कई तरह के कार्ड जारी किए हैं

रुपे ने पिछले सात साल में कई तरह के कार्ड जारी किए हैं। ये लोगों की अलग-अलग तरह की जरूरतें पूरी करते हैं। सरकार की स्कीमों के लिए खास कार्ड के अलावा रुपे क्लासिक, प्लेटिनम और चुनिंदा वेरिएंट कार्ड आम और अमीर लोगों को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं।

शेट्टी ने कहा कि रुपे कार्ड को भारतीय कंज्यूमर्स की जरूरतों को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया था। उन्होंने कहा कि रुपे पेमेंट के एक भरोसेमंद ऑप्शन के रूप में उभरने में कामयाब रहा है। पिछले कुछ सालों में इस कार्ड की स्वीकार्यता काफी बढ़ी है। इसे विदेश में भी कई जगहों पर स्वीकार किया जा रहा है।

अभी रुपे कार्ड सिर्फ कुछ ही देशों में इस्तेमाल किया जा सकता है