सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्कआईटीडीसी इंडिया ईप्रेस / आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा है कि अगर प्रवर्तन निदेशालय (ED) को रोक दें और मनी लॉन्ड्रिंग यानी PMLA की धारा 45 खत्म कर दें तो आधी BJP खाली हो जाएगी। इतना ही नहीं शिवराज सिंह चौहान और वसुंधरा राजे जैसे नेता BJP से अलग होकर अपनी नई पार्टी बना लेंगे।

केजरीवाल सोमवार को कांग्रेस नेता अभिषेक मनु सिंघवी के घर लंच में शामिल हुए थे। यहां कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे भी मौजूद थे। केजरीवाल ने मजाकिया तौर पर कहा कि PMLA की धारा 45 को हटा दीजिए तो जो तांता भाजपा की तरफ लगा हुआ है वह खत्म हो जाएगा। कोई बीजेपी जॉइन नहीं करेगा।

क्या है PMLA की धारा 45

अरविंद केजरीवाल ने PMLA की जिस धारा 45 का जिक्र किया है। इसके अंदर वाले सभी अपराध गैर जमानती होते हैं। इसमें केंद्रीय जांच एजेंसी ED को कुछ शर्तों के अधीन बिना किसी वारंट के आरोपियों को गिरफ्तार करने का अधिकार होता है।

ED के छठे समन पर भी पेश नहीं हुए केजरीवाल, AAP बोली- समन अवैध

इधर, शराब घोटाले में पूछताछ के लिए दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल 20 फरवरी को भी ED के सामने पेश नहीं हुए। आम आदमी पार्टी (AAP) ने कहा कि ED के समन गैरकानूनी हैं। जब समन की वैधता को लेकर कोर्ट में सुनवाई चल रही है, तो बार-बार समन भेजने की जगह एजेंसी को कोर्ट के फैसले का इंतजार करना चाहिए।

एजेंसी ने 17 फरवरी को छठा समन भेजकर केजरीवाल को पूछताछ के लिए बुलाया था। ​​​​इससे पहले जांच एजेंसी केजरीवाल को 2 फरवरी, 17 जनवरी, 3 जनवरी, 21 दिसंबर और 2 नवंबर को समन भेज चुकी थी। जब पांच समन के बाद भी दिल्ली CM पूछताछ के लिए नहीं आए तो ED ने राउज एवेन्यू कोर्ट में याचिका लगाई थी।

14 फरवरी को कोर्ट ने केजरीवाल से कहा था कि आप 17 फरवरी को अदालत में हाजिर होकर पेशी में न जाने की वजह बताएं। तब केजरीवाल दिल्ली विधानसभा में विश्वास प्रस्ताव पर चर्चा और बजट सेशन के कारण वर्चुअली कोर्ट में पेश हुए थे। इसके बाद कोर्ट ने कहा कि हम अगली सुनवाई 16 मार्च को करेंगे। केजरीवाल उस दिन कोर्ट में पेश होंगे।

सूत्रों के हवाले से खबर है कि ED जल्द ही अरविंद केजरीवाल को सातवां समन भेज सकती है। इसके अलावा जांच एजेंसी ने कहा कि कोर्ट में समन की वैधता को लेकर सुनवाई नहीं हो रही है। केजरीवाल ने पहले जारी किए गए 3 समन का जानबूझकर पालन नहीं किया, इसलिए कोर्ट ने माना कि दिल्ली के CM ने अपराध किया है।

कोर्ट ने ED की याचिका पर IPC की धारा 174 के तहत संज्ञान लिया है। यह धारा कानूनी आदेश का पालन न करने से संबंधित है। कोर्ट ने माना कि केजरीवाल पर मुकदमा चलाया जा सकता है।