आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : इजराइल की डिफेंस फोर्सेस ने गाजा में कुरान की आयतें लिखें पर्चे गिराए हैं। पर्चों में लिखा है- जब वो गलत काम में शुमार थे, उस वक्त उन्हें बाढ़ का सामना करना पड़ा। यरुशलम पोस्ट के मुताबिक ये कुरान के 29वें चैप्टर के सुरा अल- अनकाबुत की 14वीं आयत में लिखा है। इसका मतलब ये निकाला जा रहा है कि जो गलत काम करेंगे उन्हें सजा मिलेगी। पर्चे अरबी भाषा में लिखे गए हैं।
हमास ने इजराइल के साथ जंग रोकने में पाकिस्तान की मदद मांगी है। इस्लामाबाद पहुंचे हमास चीफ इस्माइल हानिए ने कहा- पाकिस्तान बहादुर देश है। ये मुजाहिदीन की जमीन है। इस्लाम के लिए लड़ने वालों को मुजाहिदीन कहा जाता है। पाकिस्तान की जियो न्यूज के मुताबिक हानिए ने कहा- अगर पाकिस्तान चाहे तो वो इजराइली हमले रुकवा सकता है। वो हमें सपोर्ट कर सकता है।
इधर, इजराइली सेना का कहना है कि सैनिकों ने गाजा के स्कूलों और अस्पतालों से हथियार बरामद किए हैं। इसका एक वीडियो भी शेयर किया है। वीडियो में सैनिक स्कूल से मिसाइलें, ग्रेनेड, बंदूकें निकालते दिख रहे हैं।
वहीं, अल जजीरा के मुताबिक गाजा में कोई भी सुरक्षित जगह नहीं बची है। यहां सीजफायर खत्म होने के बाद एक बार फिर मदद पहुंचना बंद हो गई है। एक फिलिस्तीनी महिला ने कहा- कोई बेकरी या सुपरमार्केट नहीं बचा है। हमें खाना नहीं मिल रहा है। हमारे बच्चे खाली पेट सोने को मजबूर हैं। अब तो लगने लगा है कि हम भूख से यहीं मर जाएंगे।
WHO ने कहा- घुटनों पर गाजा का हेल्थ सिस्टम
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के डायरेक्टर जनरल टेड्रोस अदनोम घेबियस का कहना है कि गाजा पट्टी में हेल्थ सिस्टम अपने घुटनों पर है और पूरी तरह से तबाह होने वाला है। यहां 36 में से सिर्फ 14 अस्पतालों में लोगों का इलाज किया जा रहा है। बाकि अस्पताल तबाह हो गए हैं। गाजा में फौरन सीजफायर की जरूरत है।
मारे गए आतंकियों की तादाद 5 हजार से कम
इजराइली डिफेंस फोर्स (IDF) के एक अफसर का कहना है कि गाजा में आतंकियों से दोगुने सिविलियन मारे गए हैं। एक हमास आतंकी को मारने की कोशिश में दो आम फिलिस्तीनियों को जान गंवानी पड़ी।
‘टाइम्स ऑफ इजराइल’ की रिपोर्ट में इजराइल के एक अफसर का बयान अहम है। इस अफसर ने गाजा स्ट्रिप में मारे गए लोगों के आंकड़े पर जानकारी दी। इस अफसर के मुताबिक- 7 अक्टूबर को IDF का मिलिट्री ऑपरेशन शुरू होने के बाद अगर एक आतंकी मारा गया तो दो आम लोगों को भी जान गंवानी पड़ी। IDF ने हाईटेक मैपिंग टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल ज्यादा किया और इसकी वजह यह थी कि वो आम नागरिकों की जान बचाना चाहती थी।
इस अफसर ने कहा- मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि हमने पांच हजार आतंकी मार गिराए हैं। मुझे लगता है कि यह सही आंकड़ा नहीं है। मेरे हिसाब से मारे गए आतंकियों की तादाद थोड़ी कम है।
यह बयान इस लिहाज से अहम हो जाता है, क्योंकि गाजा में हमास के कब्जे वाली हेल्थ मिनिस्ट्री दावा कर रही है कि अब तक 16 हजार आम लोग मारे गए हैं। दूसरी तरफ, इजराइल इस बारे में कुछ बताने को तैयार नहीं है।
इजराइल के कुछ ट्रेडर्स को हमले की जानकारी वाली रिपोर्ट खारिज
इजराइल स्टॉक एक्सचेंज के चीफ ने अमेरिका के दो ट्रेडिंग एक्सपर्ट की उस रिपोर्ट को खारिज कर दिया है, जिसमें कहा गया था कि स्टॉक मार्केट के कुछ ट्रेडर्स को 7 अक्टूबर के हमले की पहले से जानकारी थी।