आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : इजराइल की हेल्थ मिनिस्ट्री ने संसद में बताया है कि हमास ने जो बंधक छोड़े, उन्हें रिहाई से पहले ड्रग्स दिए गए थे। दरअसल, हमास दुनिया को ये दिखाना चाहता था कि सभी बंधक स्वस्थ और बहुत खुश हैं। इसकी वजह यह थी कि कैद में इनको खतरनाक तरीके से टॉर्चर किया गया था।
अफसरों ने आगे कहा- कई बंधक गहरे सदमे या ट्रॉमा में हैं और इन्हें इससे निकालना मुश्किल काम है। वहीं अमेरिका ने मंगलवार को घोषणा की है कि वो उन कट्टरपंथी इजराइलियों को वीजा नहीं देगा जो वेस्ट बैंक में फिलिस्तीनियों को टारगेट कर रहे हैं।
दरअसल, करीब एक महीने पहले अमेरिका ने इजराइलियों के लिए वीजा फ्री एन्ट्री की घोषणा की थी। न्यूयॉर्क टाइम्स के मुताबिक, वेस्ट बैंक में फिलिस्तीनियों पर हो रहे हमलों को देखते हुए अमेरिकी सरकार ने ये फैसला लिया है। इसके तहत पहले से ही अमेरिकी वीजा ले चुके कट्टरपंथियों के वीजा को खारिज कर दिया जाएगा।
लेबनान के सैनिक की मौत पर इजराइली सेना ने माफी मांगी
लेबनान में हिजबुल्लाह के आतंकियों के साथ झड़प में इजराइली सेना ने लेबनान के एक सैनिक को भी मार दिया। टाइम्स ऑफ इजराइल के मुताबिक सेना हिजबुल्लाह की लॉन्च साइट पर हमला कर रही थी। लेकिन इसमें लेबनान के कई सैनिक घायल हो गए और एक की मौत हो गई।
घटना के बाद IDF ने लेबनान से माफी मांगी है। सेना ने कहा- सैनिक हमारा टारगेट नहीं थे। हमें इस घटना पर खेद है, इसकी जांच करवाई जाएगी। CNN के मुताबिक, अमेरिका का मानना है कि इजराइल जनवरी तक साउथ गाजा में हमास को निपटाने के अपने ऑपरेशन को पूरा कर लेगा। इसके बाद वो हमास नेताओं को निशाना बनाएगा।
नेतन्याहू ने कहा- बंधकों को छुड़ाने का फिलाहल कोई रास्ता नहीं
दूसरी तरफ मंगलवार को इजराइली PM नेतन्याहू ने रिहा हुए बंधकों और उन लोगों के परिजनों से मुलाकात की जो अब भी हमास की कैद में हैं। इस दौरान उनमें जमकर बहस भी हुई। टाइम्स ऑफ इजराइल के मुताबिक, परिजनों ने बताया कि नेतन्याहू उनकी बात नहीं सुन रहे थे। वो सिर्फ अपना लिखा हुआ भाषण पढ़ रहे थे।
मीटिंग के लीक हुए अंशों के मुताबिक, नेतन्याहू ने लोगों को बताया कि फिलहाल बंधकों को वापस लाने का कोई रास्ता नहीं है। ये समझौता इजराइल नहीं बल्कि हमास ने खत्म किया। वो अब ऐसी शर्तें रख रहे हैं, जिन्हें स्वीकार नहीं किया जा सकता। इस दौरान नेतन्याहू के भाषण से गुस्साए कई लोग मीटिंग को बीच में ही छोड़कर चले गए। लोगों ने नेतन्याहू पर झूठ बोलने का भी आरोप लगाया।