आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : इजराइल-हमास के बीच सीजफायर डील के तीसरे दिन इजराइल ने 39 फिलिस्तीनी कैदियों को रिहा किया। जबकि हमास ने 13 इजराइली छोड़े हैं। इसमें एक 4 साल की अनाथ बच्ची भी है। इसका नाम एविगेल एदान है। एविगेल के माता-पिता 7 अक्टूबर को हुए हमास के हमले में मारे गए थे। एविगेल को हमास के लड़ाके पड़ोसी के घर से उठा कर ले गए थे। रविवार रात जब वो वापस इजराइल पहुंची तो वहां उसका इंतजार करने के लिए माता-पिता नहीं थे।
अमेरिकी मीडिया हाउस CNN की रिपोर्ट के मुताबिक कई कैदियों ने बताया है कि हमास ने उन्हें भूखा रखा। रोज खाना नहीं दिया, जो दिया वो काफी नहीं था। ठीक से खाना नहीं मिलने की वजह से कई बंधकों का वजन 5 किलो तक कम हुआ है। हालांकि, रिहा हुए बंधकों को कहीं चोट के निशान नहीं हैं, उन्हें इजराइल ने स्वस्थ बताया है।
वहीं, इजराइल और हमास के बीच सीजफायर की सीमा बढ़ भी सकती है। इसके लिए अमेरिका, मिस्र और कतर इजराइल पर दवाब डाल रहे हैं।
वेस्ट बैंक में जलाए जा रहे फिलिस्तीनियों के घर
वेस्ट बैंक में रह रहे इजराइली लोग वहां के फिलिस्तीनी लोगों की जमीन छीन रहे हैं और उन पर कब्जा कर रहे हैं। अलजजीरा की रिपोर्ट के मुताबिक, फिलिस्तीनियों के घरों को जलाया जा रहा है। वहां हिंसा की जा रही है।
जेनिन के पास रह रहे एक शख्स ने बताया कि इजराइली सेटलर्स उनके इलाके में अपने मवेशी छोड़ देते हैं। उनके पेड़ काट देते हैं। हथियारबंद इजराइलियों का उन्हें निहत्थे रहते हुए सामना करना पड़ता है।
जंग के बाद से इजराइली सेना वेस्ट बैंक में रेड कर रही है। इसी बीच वहां रह रहे इजराइली फिलिस्तीनियों के साथ मारपीट भी कर रहे हैं। रेड की वजह से लोगों और सैनिकों के बीच झड़पें हुईं। इसमें वेस्ट बैंक में रह रहे 237 फिलिस्तीनी मारे जा चुके हैं। वहीं 2800 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं।
वहीं, हमास ने सीजफायर के तीसरे दिन यानी 26 नवंबर को बंधकों के तीसरे बैच में 13 इजराइलियों को आजाद किया। इसमें एक रूसी नागरिक है। आजाद हुए 13 इजराइलियों में 4 साल की अमेरिकी-इजराइली एविगेल इदान और 84 साल की अल्मा अब्राहम भी शामिल हैं।
सीजफायर के बाद का बैटल प्लान तैयार
इजराइली सेना के चीफ लेफ्टिनेंट जनरल हर्जी हलेवी ने रविवार देर रात एक बैठक की। इस दौरान सीजफायर के बाद की कार्रवाई पर चर्चा हुई। टाइम्स ऑफ इजराइल के मुताबिक, युद्धविराम खत्म होने के बाद इजराइली सेना दोबारा गाजा पर हमले करेगी। बैटल प्लान तैयार हो गया है। इसके अप्रूवल पर बैठक में चर्चा हुई।
वहीं, इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने एक बार फिर दोहराया कि इजराइल हमास के खात्मे तक नहीं रुकेगा। 26 नवंबर को गाजा पहुंचे नेतन्याहू ने सैनिकों से कहा- जंग में हमारे तीन लक्ष्य हैं। पहला- हमास का खात्मा, दूसरा- बंधकों की वापसी और तीसरा- यह सुनिश्चित करना कि गाजा फिर से इजराइल के लिए खतरा न बने।
इजराइली सेना के चीफ ऑफ स्टाफ लेफ्टिनेंट जनरल हर्जी हलेवी (बीच में), दक्षिणी कमान के प्रमुख मेजर जनरल यारोन फिंकेलमैन (बाएं) और सेना के ऑपरेशन्स डायरेक्टोरेट के प्रमुख मेजर जनरल ओडेड बासियुक के साथ बैटल प्लान पर चर्चा करते हुए।
तस्वीर उस वक्त की है जब रेड क्रॉस की बस इजराइली बंधकों को लेकर लौटी, उनके परिवार के लोग इजराइली झंडे लेकर उनका इंतजार करते दिखे।
हमास ने बेटी को छोड़ा मां अब भी कैद
इधर, हमास ने दूसरे बैच में 13 साल की हिला रोटेम शोशानी को आजाद किया। इजराइल पहुंचकर हिला ने कहा- मुझे और मां को साथ में बंधक बनाया गया, लेकिन रिहाई से दो दिन पहले हमें अलग कर दिया गया। मां हर समय साथ थीं, लेकिन घर वापसी से पहले हमास ने मां को रोक लिया। मुझे छोड़ दिया।
अमेरिका में फिलिस्तीनी स्टूडेंट्स पर फायरिंग
अलजजीरा के मुताबिक अमेरिकी स्टेट वर्मोंट के बर्लिंगटन शहर में 3 फिलिस्तीनी स्टूडेंट्स पर फायरिंग हुई। तीनों वेस्ट बैंक के रहने वाले हैं। जानकारी के मुताबिक हिशाम अवतानी ब्राउन यूनिवर्सिटी में पढ़ते हैं। किन्नान अब्देल हामिद हैवरफोर्ड यूनिवर्सिटी और तहसीन अहमद ट्रिनिटी कॉलेज में पढ़ते हैं।
तीनों वेस्ट बैंक के द रामल्ला फ्रेंड्स स्कूल में साथ में पढ़ते थे। स्कूल ने ही तीनों को गोली लगने वाली खबर दी। स्टूडेंट्स के परिजन इस घटना को हेट क्राइम बता रहे हैं। इस मामले में अमेरिकी पुलिस ने कोई बयान जारी नहीं किया है।
फिलिस्तीनियों के सपोर्ट में पाकिस्तान में रैली
पाकिस्तान के लाहौर और कराची में इजराइल के खिलाफ और फिलिस्तीनी लोगों के सपोर्ट में रैली निकाली गई। इस दौरान बच्चे और महिलाएं भी सड़कों पर इजराइल के खिलाफ नारे लगाते दिखीं। कई बच्चे हाथों में सफेद कपड़े लिए हुए थे जो शवों की तरह दिख रहे थे। इन पर लाल रंग भी लगा था। वहीं महिलाओं ने इजराइली झंडे वाले बैनर पकड़े थे। इन पर बायकॉट लिखा था।