आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : तमिलनाडु में DMK नेता और प्रवक्ता शिवाजी कृष्णमूर्ति ने भाजपा महिला नेता और एक्ट्रेस खुशबू सुंदर को पुराना ढोल बताया। विवाद बढ़ने के बाद रविवार को उन्हें पार्टी से निकाल दिया गया। इसके कुछ घंटे बाद पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
शिवाजी ने 3 जून को DMK के पूर्व संरक्षक कलैगनार करुणानिधि के जन्म दिवस पर तमिलनाडु के गवर्नर आरएन रवी पर भी विवादित टिप्पणी की थी। उन्होंने कहा था कि हमने दो अन्य मंत्रियों को कुछ विभाग बांटे थे। गवर्नर ने कहा था यह गलत है। अगर वो (गवर्नर) कुछ कहते हैं तो उन्हें उस पर टिके रहना चाहिए।
उन्होंने कहा था मंत्रियों के प्रपोजल को वो स्वीकार नहीं करेंगे। अगर वो वाकई में अपनी मां से पैदा हुए होते तो अपनी बात पर टिके रहते। लेकिन बाद में वो पलट गए। वहीं, DMK अगर कुछ कहती तो उस पर टिकी रहती है। भले ही उसके लिए उसे अपनी जिंदगी का बलिदान क्यों ना देना पड़े।
खुशबू ने कहा- DMK पार्टी में ऐसी टिप्पणी करने वालों को इनाम और मौके दिए जाते हैं
खुशबू ने रविवार को ट्विटर पर शिवाजी की एक अनवेरिफाइड वीडियो शेयर की। वीडियो में शिवाजी भाजपा नेता पर गलत कमेंट करते हुए नजर आ रहे हैं। इस वीडियो को लेकर खुशबू ने लिखा कि इस आदतन अपराधी का गलत कमेंट DMK में चल रही राजनीतिक संस्कृति को दिखाता है।
उन्होंने कहा कि पार्टी में इसके जैसे और भी हैं। महिलाओं को अपशब्द कहने और उनके खिलाफ घटिया टिप्पणियां करने पर उन्हें पार्टी द्वारा रोका भी नहीं जाता है, बल्कि इनाम और मौके दिए जाते हैं।
खुशबू ने कहा- यह मेरा नहीं, बल्कि आपका और आपके पिता का अपमान है
खुशबू ने अपने ट्वीट में तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन को भी टैग किया। उन्होंने लिखा, क्या आपको एहसास है कि यह मेरा नहीं, बल्कि आपका और आपके पिता महान नेता एम करुणानिधि का अपमान है आप ऐसे लोगों को पार्टी में जितनी जगह देंगे, असल में उतनी ही जगह खो देंगे। आपकी पार्टी गुंडों के लिए स्वर्ग बनती जा रही है, जो बेहद शर्मनाक है।
भाजपा ने की DMK नेता के खिलाफ कार्रवाई की मांग
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष के. अन्नामलाई ने रविवार को शिवाजी को लेकर ट्विटर पर एक वीडियो शेयर किया। उन्होंने लिखा, राज्यपाल और खुशबू के बारे में शिवाजी का कमेंट अति निंदनीय है। हम बार-बार अपराध करने वाले इस व्यक्ति पर तुरंत कार्रवाई की मांग करते हैं।
DMK नेता ने जनवरी में गवर्नर को मारने की धमकी दी थी
शिवाजी ने जनवरी में भी गवर्नर को लेकर गलत टिप्पणी की थी। उन्होंने कहा था कि अगर राज्यपाल अपने विधानसभा भाषण में अंबेडकर का नाम लेने से इनकार करते हैं, तो क्या मुझे उन पर हमला करने का अधिकार नहीं है? आप (राज्यपाल) तमिलनाडु सरकार की ओर से दिए गए भाषण को नहीं पढ़ते हैं, तो वो कश्मीर जाएं और हम आतंकवादी भेजेंगे ताकि वे उन्हें मार सकें।