सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्कआईटीडीसी इंडिया ईप्रेस / आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने शनिवार को विधानसभा में विश्वास मत हासिल कर लिया। सदन में इस दौरान आम आदमी पार्टी (AAP) के 62 में से 54 विधायक उपस्थित थे। केजरीवाल ने इस पर कहा- हमारा कोई विधायक नहीं टूटा है। जो नहीं आएं, उनमें कुछ अस्वस्थ हैं और कुछ बाहर हैं।

विश्वास प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान केजरीवाल ने कहा- भाजपा के लिए सबसे बड़ी चुनौती आम आदमी पार्टी है, इसीलिए हर तरफ से उस पर हमला किया जा रहा है। 2024 में भाजपा लोकसभा चुनाव जीत जाती है तो AAP 2029 में देश को भाजपा से आजाद कराएगी।

केजरीवाल ने कहा- इस विश्वास मत की जरूरत इसलिए थी, क्योंकि भाजपा AAP विधायकों को अपने पाले में शामिल करने की कोशिश कर रही है। भाजपा दावा करती है कि वो राम भक्त है, लेकिन उन्होंने हमारे अस्पतालों में गरीब लोगों को मिलने वाली दवाई रोक दी। सर्विस डिपार्टमेंट, ब्यूरोक्रेसी पर अपनी पकड़ के चलते भाजपा हमारा काम रोक रही है और फिर भी हम सरकार चला रहे हैं।

विश्वास प्रस्ताव सुबह 11 बजे से शुरू होना था। उससे पहले केजरीवाल को राउज एवेन्यू कोर्ट में पेश होना था। वकील की मांग पर कोर्ट ने उन्हें वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेश होने की छूट दे दी।

केजरीवाल के वकील रमेश गुप्ता ने बताया- मुख्यमंत्री वर्चुअली कोर्ट में पेश हुए। उन्होंने कोर्ट को बताया कि विधानसभा में विश्वास प्रस्ताव पर चर्चा और बजट सत्र के कारण वे आज कोर्ट में शारीरिक रूप से उपस्थित नहीं हो सके। अगली सुनवाई 16 मार्च को है। उस दिन वे कोर्ट में पेश होंगे।

ED ने 5 समन के बाद भी पेश नहीं होने पर लगाई थी याचिका

दरअसल, शराब घोटाले में पूछताछ के लिए ED ने केजरीवाल को 5 समन जारी किए थे, लेकिन वे जांच एजेंसी के पास एक बार भी नहीं पहुंचे। इसके बाद ED ने राउज एवेन्यू कोर्ट में याचिका लगाई थी। 14 फरवरी को कोर्ट ने केजरीवाल से कहा था कि आप 17 फरवरी को अदालत में हाजिर होकर पेशी में न जाने की वजह बताएं।

कोर्ट के निर्देश के चंद घंटे बाद ही ED ने अरविंद केजरीवाल को छठा समन जारी कर 19 फरवरी को पूछताछ के लिए बुलाया। इससे पहले ED केजरीवाल को 2 फरवरी,17 जनवरी, 3 जनवरी, 21 दिसंबर और 2 नवंबर को समन भेज चुकी है।

मेरे विधायकों से कहा गया- मुझे गिरफ्तार किया जाएगा

16 फरवरी को विधानसभा में विश्वास मत प्रस्ताव पेश करते हुए केजरीवाल ने कहा था- भाजपा दिल्ली में ऑपरेशन लोटस चला रही है। हमारी पार्टी के 2 विधायकों से उन्होंने संपर्क किया और दावा किया था कि केजरीवाल को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

दोनों विधायकों को भाजपा के लोगों ने कहा कि AAP के 21 अन्य विधायक उनके संपर्क में हैं और पार्टी छोड़ने को तैयार हैं। उन्हें 25-25 करोड़ रुपए ऑफर किए गए हैं। हालांकि, हमने जब विधायकों से पूछताछ की तो हमें पता चला कि उन्होंने 7 विधायकों से संपर्क किया है। केजरीवाल ने इससे पहले मार्च 2023 और अगस्त 2022 में विधानसभा में विश्वास प्रस्ताव पेश किया था।

भाजपा के 7 विधायक सस्पेंड

दिल्ली विधानसभा के स्पीकर ने शुक्रवार को सदन से भाजपा के 8 में से 7 विधायकों को बजट सेशन से सस्पेंड कर दिया था। इसमें नेता प्रतिपक्ष रामवीर सिंह बिधूड़ी भी शामिल हैं। स्पीकर ने कहा कि सस्पेंड किए गए विधायकों ने एक दिन पहले गुरुवार को LG के अभिभाषण को रोकने की कोशिश की थी। वे चाहते थे कि केजरीवाल पर जुबानी हमला किया जाए। आज विश्वास प्रस्ताव के दौरान भाजपा के 7 विधायक सदन में मौजूद नहीं रहेंगे।