सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्कआईटीडीसी इंडिया ईप्रेस / आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : लोकसभा चुनाव के लिए आम आदमी पार्टी और कांग्रेस के बीच लोकसभा सीटों का बंटवारा शनिवार को फाइनल हो गया। दिल्ली में आम आदमी पार्टी 4 और कांग्रेस 3 सीटों पर चुनाव लड़ेगी। गुजरात की 26, हरियाणा की 10, गोवा की 2 और चंडीगढ़ सीट के लिए भी शेयरिंग फॉर्मूला फाइनल हो गया है।

कांग्रेस नेता मुकुल वासनिक और AAP लीडर संदीप पाठक ने शनिवार को जॉइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि पंजाब में दोनों पार्टियां अलग-अलग चुनाव लड़ेंगी।

हम भरूच सीट नहीं ले सके, इसके लिए माफी- मुमताज पटेल

गुजरात की भरूच कांग्रेस ने आप को दे दी। इसको लेकर अहमद पटेल की बेटी मुमताज ने X पर लिखा- जिले के कार्यकर्ताओं से माफी चाहती हूं कि गठबंधन में हम भरूच सीट को अपने लिए नहीं रख पाए। इसका मुझे खेद है। हम अहमद पटेल को नहीं भूलेंगे।

केजरीवाल ने जनवरी में गुजरात यात्रा के दौरान राज्य की भरूच लोकसभा सीट पर चैतर वसावा को अपना उम्मीदवार घोषित कर दिया था। भरूच सीट से कांग्रेस के नेता अहमद पटेल सांसद थे। उनका 2020 में निधन हो चुका है। पटेल के बेटे और बेटी इसी सीट से टिकट मांग रहे थे।

पंजाब की सभी 13 सीटों पर कांग्रेस-AAP अलग-अलग लड़ेंगी

पंजाब की 13 लोकसभा सीटों पर कांग्रेस और AAP में सहमति नहीं बनी। AAP और कांग्रेस सभी सीटों पर अलग-अलग ही चुनाव लड़ेंगी। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने पंजाब में 10 फरवरी को इसका ऐलान भी किया था। उन्होंने 21 फरवरी को कहा था- पंजाब में अकेले लड़ने के फैसला जीतने के लिए किया है।

सपा के साथ कांग्रेस की सीट शेयरिंग फिक्स

समाजवादी पार्टी और कांग्रेस ने यूपी-एमपी की सीटों पर समझौता किया है। समाजवादी पार्टी ने उत्तर प्रदेश की 80 लोकसभा सीटों में से 17 सीटें कांग्रेस के लिए छोड़ी हैं। मध्यप्रदेश की 29 सीटों में से कांग्रेस ने एक खजुराहो सीट समाजवादी पार्टी को दी है। पूरी खबर पढ़ें…

AAP ने असम-गुजरात में अपने उम्मीदवारों की घोषणा की, TMC ने भी मांगीं सीटें

AAP ने कई बार इस बात पर जोर दिया है कि वह I.N.D.I.A के साथ है, लेकिन लोकसभा चुनाव के लिए अलग-अलग राज्यों में लगातार अपने उम्मीदवारों की घोषणा भी कर दी है। AAP ने 8 फरवरी को असम में तीन सीटों पर अपने उम्मीदवारों की घोषणा की थी।

इधर, TMC ने असम में 2 और मेघालय में 1 सीट मांगी है, जिस पर कांग्रेस और TMC में चर्चा हो रही है। कहा जा रहा है कि कांग्रेस मेघालय सीट देने की इच्छुक नहीं है। असम में 14 और मेघालय में दो सीटें हैं।

बंगाल में ममता अकेले लड़ेंगी चुनाव

इससे पहले पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भी अकेले चुनाव लड़ने का ऐलान कर चुकी है। ममता भी खुद को I.N.D.I.A का हिस्सा बताती रही हैं। हालांकि, उन्होंने अकेले चुनाव लड़ने के अपने फैसले के लिए कांग्रेस के साथ सीट-शेयरिंग को लेकर बातचीत फेल होने का हवाला दिया था।

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अपने रास्ते पहले ही अलग कर चुके हैं। वे I.N.D.I.A के सूत्रधार थे। उन्होंने ही सभी विपक्षी पार्टियों को BJP के खिलाफ एकजुट किया था। हालांकि, वे खुद 28 जनवरी को NDA में शामिल हो गए और BJP के साथ मिलकर सरकार बना ली।

कांग्रेस नेता जयराम नरेश ने शनिवार को कहा कि TMC से बातचीत जारी है। ममता बनर्जी ने भी कहा है कि BJP को हराना पहला मकसद है। हमारे बीच तू-तू मैं-मैं होती रहती है।

उन्होंने कहा, ‘कांग्रेस पार्टी ने ही ममता बनर्जी को पहली बार सांसद बनाया था। उनकी पार्टी का नाम भी देखिए। उसमें तृणमूल भी है और कांग्रेस भी है। कांग्रेस के दरवाजे TMC के लिए सदैव खुले हैं। हम ममता बनर्जी का सम्मान करते हैं। हमारी उम्मीदों के मुताबिक, पल्टी राम (नीतीश कुमार) और RLD को छोडकर इंडिया ब्लॉक में शामिल सभी 26 पार्टियां एकजुट हैं।