सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस / आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल: BJP के 7 राज्यसभा कैंडिडेट बुधवार को विधानसभा पहुंचे। सातों ने नामांकन दाखिल किया। इस मौके पर CM योगी, दोनों डिप्टी सीएम भी मौजूद रहे। BJP ने सुधांशु त्रिवेदी, आरपीएन सिंह, अमरपाल मौर्य, चौधरी तेजवीर सिंह, संगीता बलवंत, साधना सिंह, नवीन जैन को राज्यसभा कैंडिडेट बनाया है।

BJP राष्ट्रीय प्रवक्ता और राज्यसभा सदस्य सुधांशु त्रिवेदी ने नामांकन से पहले मीडिया से बातचीत में विपक्ष के गठबंधन INDIA पर तंज कसा। सुधांशु ने कहा- उनकी देखी जमाने की यारी, बिछड़े सभी बारी-बारी…। भाजपा के लोकसभा चुनाव प्रभारी बैजयंत पांडा भी लखनऊ में हैं। उन्होंने कहा,”तीसरी बार प्रचंड बहुमत के साथ मोदी सरकार बनने वाली है।”

चौधरी तेजवीर बोले- विपक्ष का नाम मिटा देंगे

नामांकन के बाद राज्यसभा कैंडिडेट चौधरी तेजवीर सिंह से दैनिक भास्कर ने बात की। उन्होंने कहा- 3 बार लोकसभा का सदस्य रहा। एक बार फिर पार्टी ने उच्च सदन में जाने के लिए मौका दिया है। पार्टी ने जो उम्मीद जताई है, हम सभी PM मोदी का सपना साकार करेंगे। यूपी की सभी 80 सीट जीतकर विपक्ष का नाम मिटा देंगे। जाट समाज और जयंत के NDA में आने के सवाल पर कहा-जाट समाज की पहले से मजबूती रही है। पश्चिमी यूपी एकतरफा वोट करने का मन बना चुका है।

संगीता बलवंत बोलीं- हर व्यक्ति को लाभ दिलाने के लिए तत्पर रहूंगी

राज्यसभा कैंडिडेट संगीता बलवंत ने दैनिक भास्कर से बातचीत में कहा- 7 कैंडिडेट में पार्टी ने 2 महिला उम्मीदवार उतारे हैं। मैं बिंद समाज से हूं। आजादी के बाद पहली बार किसी ने बिंद समाज की महिला को राज्यसभा भेजने का निर्णय लिया तो वह भाजपा है। समाज के अन्त्योदय और अंतिम पायदान के व्यक्ति को हर लाभ मिले, इसके लिए हमेशा तत्पर रहूंगी।

बता दें कि भाजपा ने उत्तर प्रदेश की खाली हुई 10 राज्यसभा की सीटों पर अपने सात उम्मीदवारों के नाम का ऐलान कर दिया था। इन सातों उम्मीदवारों के बदौलत बीजेपी उत्तर प्रदेश की कई लोकसभा सीटों पर जाति और क्षेत्रीय समीकरण साधेगी। यूपी के जिन 10 सीटों पर राज्यसभा का चुनाव होना है उनमें से अभी तक 9 सीटें बीजेपी के पास और एक सीट सपा के पास थी।

अब आपको बताते हैं इन उम्मीदवारों पर भरोसा जताने के पीछे क्या है कारण…

सुधांशु त्रिवेदी से ब्राह्मण मैनेजमेंट

भाजपा द्वारा ऐलान किए गए सात राज्यसभा सदस्यों में सिर्फ सुधांशु त्रिवेदी को ही दोबारा मौका दिया गया है। सुधांशु त्रिवेदी लखनऊ के रहने वाले हैं और यह भी माना जा रहा है कि दूसरी बार इनको मौका देने के के पीछे बीजेपी का ब्राह्मण मैनेजमेंट है।

हाल ही में बीजेपी ने विधानसभा परिषद के सदस्य कि ब्राह्मण कोटे से खाली हुई सीट पर दारा सिंह चौहान को जगह दी थी। वह एक अति पिछड़े समुदाय से आते हैं। अब इस सीट को मैनेज करने के लिए बीजेपी एक बार फिर से सुधांशु त्रिवेदी जो कि एक ब्राह्मण चेहरा हैं, उन्हें मौका दे रही है। लखनऊ में लगभग 6 लाख से अधिक ब्राह्मण वोटर हैं।