आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : तुर्किये में रविवार को हुए राष्ट्रपति चुनाव के नतीजे आ गए हैं। जनता ने किसी भी पार्टी को बहुमत नहीं दिया है। कश्मीर मामले में पाकिस्तान का समर्थन करने वाले रेसेप तैयप एर्दोगन की पार्टी AKP को 49.4% वोट मिले। वहीं, तुर्किये के गांधी कहे जाने वाले कमाल केलिकदारोग्लू की पार्टी CHP को 45.0% वोट मिले हैं। जबकि सत्ता में आने के लिए किसी भी पार्टी को 50% से ज्यादा वोट मिलने चाहिए।
तुर्किये में फरवरी में आए भूकंप के 3 महीने बाद ये चुनाव हुआ था। भूकंप में 50 हजार से ज्यादा लोगों की जान गई थी। अलजजीरा के मुताबिक लोगों ने इसका जिम्मेदार 20 साल से सत्ता में बैठे राष्ट्रपति एर्दोगन को ठहराया था।
तुर्किये चुनाव के नतीजे
वोटरों को मनाने के लिए एर्दोगन के पास सिर्फ 2 हफ्ते
तुर्किये में पहले राउंड में किसी भी पार्टी को बहुमत नहीं मिलने की वजह से 28 मई को दोबारा वोटिंग होगी। जिसमें अभी 2 हफ्ते हैं। न्यूयॉर्क टाइम्स के मुताबिक एर्दोगन इन 14 दिनों का इस्तेमाल अपने वोटर्स को मनाने में करेंगे। वो 11 साल तक तुर्किये के प्रधानमंत्री और 9 साल तक राष्ट्रपति रहे हैं।
ये नतीजे 20 साल में उनके प्रदर्शन के रिजल्ट के तौर पर देखे जा रहे हैं। 2011 में भ्रष्टाचार मिटाने और अर्थव्यवस्था को बेहतर करने के वादे के साथ सत्ता में आए एर्दोगन अब लगातार डूबती अर्थव्यवस्था वाले देश के राष्ट्रपति हैं। जिन पर लोकतंत्र को कमजोर करने के आरोप लगते हैं।
कमाल ने कहा था- आज रात सोना नहीं है
नतीजों से पहले दोनों पार्टियों ने जीत का दावा किया था। एर्दोगन ने समर्थकों से कहा- मतदान पेटियों की हिफाजत करें और उन पर नजर रखें। हमें नतीजों का इंतजार है। काउंटिंग के शुरूआती रुझानों में एर्दोगन की पार्टी को 60% वोट मिल रहे थे। जो बाद में पिछड़ते चले गए।
वहीं, मुख्य विपक्षी पार्टी के नेता कमाल ने नतीजों में कड़ी टक्कर के चलते कहा था- मेरे साथियों आज रात हम सोएंगे नहीं। नतीजों में किसी पार्टी को पूर्ण बहुमत नहीं मिलने के बाद कमाल ने कहा कि जनता ने साबित किया है कि वो बदलाव चाहती है।
भूकंप में तबाह हुए शहरों के लोग अब भी एर्दोगन के साथ
फरवरी में आए भूकंप का 11 शहरों पर सबसे ज्यादा असर पड़ा था। इनमें 8 शहरों को एर्दोगन का गढ़ माना जाता है। जहां पिछले 2 चुनावों में उन्हें 60% से ज्यादा वोट मिले थे। रविवार को हुए चुनाव में भी बहुत कुछ नहीं बदला।