आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : इस साल देश में दो दर्जन से ज्यादा ग्लोबल ब्रांड भारत में स्टोर खोलेंगे। इनमें सबसे ज्यादा फूड एंड बेवरेज कंपनियां होंगी। ये हर साल भारत आने वाले ग्लोबल ब्रांड की औसत संख्या से दोगुना है। दरअसल दुनिया के टॉप-5 कंज्यूमर मार्केट में शुमार भारत में उपभोक्ता खर्च बढ़ रहा है। आबादी के मामले में भी भारत टॉप पर है। इसके चलते ग्लोबल कंपनियों को यहां बड़ा मौका नजर आ रहा है।

इस साल भारत का रुख कर रहे ग्लोबल ब्रांड की संख्या (24+) एक दशक में सबसे बड़ी है। इनमें डनहिल, रोबर्टो कैवाली, लावाजा, अरमानी कैफे और फुट लॉकर शामिल हैं। एस टर्टल के CEO नितिन छाबड़ा के मुताबिक, इस और अगले दशक में भारत कंज्यूमर कंपनियों के लिहाज से सबसे अच्छा बाजार साबित होने वाला है।

घरेलू कंपनियां कर रहीं पार्टनरशिप

रिलायंस ब्रांड्स और आदित्य बिड़ला फैशन एंड रिटेल कई विदेशी ब्रांड्स के साथ पार्टनरशिप कर रही हैं। हाल के वर्षों में रिलायंस के पोर्टफोलियो में 50 विदेशी ब्रांड्स जुड़े हैं।

पांच कारणों से भारत आ रहे ग्लोबल ब्रांड्स

भारत फिलहाल 47.3 करोड़ उपभोक्ताओं वाला विशाल बाजार।

भारत की रिटेल इंडस्ट्री इस दशक सालाना 9 फीसदी की रफ्तार से बढ़ने की संभावना है।

अगले 3 वर्षों में रिटेल इंडस्ट्री 11.62 लाख करोड़ की हो जाएगी।

इस साल देश में 3.10 करोड़ उपभोक्ता बढ़ने का अनुमान है।

रिटेल स्पेस में निवेश के लिए भारत अभी सबसे आकर्षक देशों में शुमार है।