सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस / आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : एम्स भोपाल अपने कार्यपालक निदेशक अजय सिंह के नेतृत्व में न केवल चिकित्सकीय उत्कृष्टता के क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभा रहा है, बल्कि सामाजिक समावेशन और संवैधानिक दायित्वों के प्रभावी निर्वहन में भी एक मिसाल कायम कर रहा है। इसी क्रम में राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग (एनसीबीसी) के माननीय अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री स्तर के गणमान्य पदाधिकारी हंसराज गंगाराम अहीर ने एम्स भोपाल का औपचारिक दौरा किया।
उनके साथ आयोग के सदस्य भुवन भूषण कमल तथा सचिव मीता राजीवलोचन भी उपस्थित रहीं।

अपने दौरे के दौरान माननीय अध्यक्ष ने निदेशक अजय सिंह और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर संस्थान की भर्ती प्रक्रिया, प्रवेश आंकड़ों तथा ओबीसी आरक्षण नीति के अनुपालन की गहन समीक्षा की। इस अवसर पर निदेशक द्वारा आयोग को वर्ष 2024 एवं 2025 की भर्तियों और प्रवेशों से संबंधित विस्तृत जानकारी सौंपी गई, जिसमें आरक्षण रोस्टर रजिस्टर भी सम्मिलित था। निरीक्षण के उपरांत अहीर ने इस तथ्य पर संतोष व्यक्त किया कि एम्स भोपाल में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के लिए आरक्षित सभी पद भारत सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुरूप भरे गए हैं। उन्होंने संस्थान द्वारा संवैधानिक और विधिक प्रावधानों के पारदर्शी अनुपालन की प्रशंसा करते हुए कहा कि एम्स भोपाल ने ओबीसी समुदाय के अधिकारों की रक्षा में गहन ईमानदारी और प्रतिबद्धता का परिचय दिया है।
इस अवसर पर कार्यपालक निदेशक अजय सिंह ने कहा, “हमारा संस्थान न केवल उत्कृष्ट स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है, बल्कि सामाजिक न्याय के संवैधानिक मूल्यों का भी पूरी निष्ठा से पालन करता है। यह भ्रमण हमारे लिए एक सकारात्मक मान्यता है कि एम्स भोपाल में अवसरों का वितरण समावेशिता, पारदर्शिता और समानता के सिद्धांतों पर आधारित है।” दौरे के दौरान आयोग के प्रतिनिधिमंडल ने संस्थान द्वारा ओबीसी वर्ग के हित में किए जा रहे प्रयासों की भी सराहना की तथा यह रेखांकित किया कि एम्स भोपाल शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में योग्य उम्मीदवारों को समान अवसर प्रदान करने हेतु पूर्णतः प्रतिबद्ध है।

#पिछड़ा_वर्ग_आयोग #एम्स_भोपाल #ओबीसी_आरक्षण #स्वास्थ्य_सेवाएं #आयोग_दौरा #एम्स_निरीक्षण