सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : हॉर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर बढ़ते तनाव ने वैश्विक बाजारों में चिंता बढ़ा दी है। डोनाल्ड ट्रम्प की चेतावनी—कि यदि 48 घंटे में यह मार्ग नहीं खुला तो ईरान पर हमला किया जा सकता है—से निवेशकों में डर का माहौल बन गया है।
इस घटनाक्रम का असर शेयर बाजारों पर साफ दिख रहा है, जहां निवेशक सतर्क हो गए हैं और जोखिम से बचने की कोशिश कर रहे हैं। तेल आपूर्ति के लिए हॉर्मुज जलडमरूमध्य बेहद अहम है, ऐसे में यहां किसी भी तरह की बाधा वैश्विक अर्थव्यवस्था को प्रभावित कर सकती है।
विशेषज्ञों के अनुसार, इस सप्ताह बाजार की दिशा तय करने वाले पांच प्रमुख फैक्टर सामने आए हैं। इनमें वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव, कच्चे तेल की कीमतें, विदेशी निवेशकों की गतिविधियां, डॉलर की मजबूती और घरेलू आर्थिक संकेतक शामिल हैं।
तेल की कीमतों में संभावित उछाल से महंगाई बढ़ने की आशंका है, जिससे बाजार पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है। वहीं, विदेशी निवेशकों की बिकवाली भी बाजार को कमजोर कर सकती है।
विश्लेषकों का मानना है कि निवेशकों को इस समय सतर्क रहना चाहिए और जल्दबाजी में बड़े फैसले लेने से बचना चाहिए।
कुल मिलाकर, हॉर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर बढ़ता तनाव और ट्रम्प की चेतावनी इस सप्ताह बाजार की चाल को प्रभावित करने वाले अहम कारक बन गए हैं।