सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क – आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस / आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : एम्स भोपाल ने अपने कार्यपालक निदेशक.) अजय सिंह के नेतृत्व में शैक्षणिक नवाचार और अनुसंधान में एक और उपलब्धि हासिल की। बाल चिकित्सा विभाग द्वारा स्वास्थ्य अनुसंधान विभाग (डीएचआर), स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के सहयोग से तीन दिवसीय राष्ट्रीय कार्यशाला “मेटा मास्टरी: सिस्टमैटिक रिव्यू एवं मेटा-एनालिसिस पर कार्यशाला” का आयोजन किया गया।

इस कार्यशाला का उद्देश्य शुरुआती स्तर के शोधकर्ताओं, चिकित्सकों और पीजी विद्यार्थियों को साक्ष्य-आधारित चिकित्सा के लिए आवश्यक वैज्ञानिक प्रशिक्षण देना रहा। उद्घाटन सत्र दीप प्रज्वलन और स्वागत भाषण के साथ हुआ, जिसमें बाल चिकित्सा विभागाध्यक्ष ने सिस्टमैटिक रिव्यू व मेटा-एनालिसिस की प्रासंगिकता को रेखांकित किया।
स्वास्थ्य अनुसंधान विभाग के वरिष्ठ वैज्ञानिक चंचल गोयल ने “टेक्निकल रिसोर्स सेंटर” (टीआरसी) पहल की जानकारी साझा की और बताया कि देशभर के 27 संस्थानों में एम्स भोपाल का चयन उसकी अकादमिक और अनुसंधान क्षमता का प्रमाण है।
प्रो. अजय सिंह ने कहा कि भारत जैसे विविधतापूर्ण देश में प्रमाण-आधारित दिशानिर्देशों की जरूरत अत्यधिक है, जो हर स्तर की स्वास्थ्य सेवाओं में व्यावहारिक रूप से लागू हो सकें। कार्यशाला में प्रतिभागियों को सैद्धांतिक ज्ञान के साथ-साथ व्यावहारिक ‘हैंड्स-ऑन’ प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है। यह कार्यशाला चिकित्सा अनुसंधान को नई दिशा देने वाली एक सराहनीय पहल है।
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