आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : टाटा टेक्नोलॉजीज लिमिटेड समेत 6 IPO की लिस्टिंग होने वाली है। ये कंपनियां 7,398 करोड़ रुपए जुटाने के लिए पिछले हफ्ते IPO लेकर आई थी। इनके लिए 2.6 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा की बोलियां मिली थी। टाटा टेक ने 73.58 एप्लीकेशन का रिकॉर्ड भी बनाया।
मेन लाइन में टाटा टेक के अलावा इंडियन रिन्यूएबल एनर्जी डेवलपमेंट एजेंसी (IREDA), फ्लेयर राइटिंग, गांधार ऑयल रिफाइनरी और फेडबैंक फाइनेंशियल के IPO खुले थे। एक IPO रॉकिंग डील्स सर्कुलर इकोनॉमी SME यानी स्मॉल मीडियम एंटरप्राइजेज कैटेगरी का था।
टाटा टेक का IPO सबसे ज्यादा 70 गुना भरा
टाटा टेक्नोलॉजीज लिमिटेड का IPO सबसे ज्यादा 69.43 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इस IPO के लिए 1.56 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा की बोलियां मिली थी। टाटा टेक, ऑटोमोबाइल दिग्गज टाटा मोटर्स की सब्सिडियरी है। टाटा ग्रुप करीब 19 साल बाद कोई IPO लेकर आया है। इससे पहले साल 2004 में टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) का IPO आया था।
कंपनी ने IPO का प्राइस बैंड ₹475 से ₹500 तय किया था। रिटेल निवेशक 24 नवंबर तक IPO के लिए अप्लाय कर सकते थे। अगले हफ्ते कंपनी के शेयर नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) और बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) पर लिस्ट होंगे। टाटा टेक्नोलॉजीज का ग्रे मार्केट प्राइस 80% ऊपर चल रहा है। यानी लिस्टिंग डे पर इसमें 80% की कमाई हो सकती है।
गांधार ऑयल रिफाइनरी भी 64.07 गुना सब्सक्राइब हुआ
इंडियन रिन्यूएबल एनर्जी डेवलपमेंट एजेंसी का IPO 21 नवंबर को खुला था और 23 नवंबर को बंद हुआ था। ये 38.8 गुना सब्सक्राइब हुआ। इसे 58,470 करोड़ रुपए की बोलियां मिली। इश्यू का प्राइस बैंड ₹30-₹32 था।
गांधार ऑयल रिफाइनरी का IPO 22 नवंबर को खुला था और 24 नवंबर को बंद हुआ था। ये इश्यू 64.07 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसे 23,000 करोड़ रुपए की बोलियां मिली। IPO का प्राइस बैंड ₹160 से ₹169 था।
फ्लेयर राइटिंग का IPO भी 22 नवंबर को खुला था और 24 नवंबर को बंद हुआ था। ये इश्यू 46.68 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसे 20,400 करोड़ रुपए की बोलियां मिली है। IPO का प्राइस बैंड ₹288 से ₹304 था।
फेड बैंक फाइनेंशियल सर्विसेज का IPO भी22 नवंबर को ही खुला था और 24 नवंबर को बंद हुआ था। ये 2.2 गुना सब्सक्राइब हुआ। इसे 1720 करोड़ रुपए की बोलियां मिली। IPO का प्राइस बैंड ₹133 से ₹140 था।
IPO मार्केट में इतना पैसा क्यों आया?
मार्केट एक्सपर्ट अनुज गुप्ता ने बताया कि लोगों का शेयर बाजार पर भरोसा बढ़ा है। बीते सालों में शेयर बाजार खासकर IPO और गोल्ड ने जिस तरह का रिटर्न दिया है, इससे लोग इन इन्वेस्टमेंट ऑप्शन्स की तरफ अट्रैक्ट हुए हैं। इसके अलावा टेक्नोलॉजी के डेवलपमेंट से शेयर बाजार में निवेश करना आसान हुआ है।
IPO में निवेश बढ़ने के तीन कारण:
शेयर बाजार में लोगों की रुचि बढ़ रही: नवंबर 2023 में, सेंट्रल डिपॉजिटरी सर्विसेज लिमिटेड यानी CDSL ने 10 करोड़ डीमैट अकाउंट का आंकड़ा पार कर लिया था। यह भारत के शेयर बाजार में निवेशकों की बढ़ती रुचि को दर्शाता है।
IPO में मिल रहा शानदार रिटर्न: IPO के लिए 2023 अच्छा रहा है। इस साल 47 मेनबोर्ड IPO आ चुके है। ज्यादातर ने पॉजिटिव रिटर्न दिया है। साएंट DLM और उतकर्ष बैंक जैसी कंपनियों की लिस्टिंग करीब 50% ऊपर हुई थी।
एक साथ 5 IPO ओपन हुए: पिछले हफ्ते एक साथ 5 IPO आए। ग्रे मार्कट प्राइस के आधार पर सभी IPO की अच्छी लिस्टिंग का अनुमान है। इसलिए लोगों ने सभी IPO में दिलचस्पी दिखाई और सब्सक्राइब किया। टाटा में लिस्टिंग पर 80% मुनाफे का अनुमान है।
IPO क्या होता है?
जब कोई कंपनी पहली बार पब्लिक को अपने शेयर ऑफर करती है तो इसे आईपीओ यानी इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग कहा जाता है। जब कंपनियों को अपने बिजनेस के लिए फंड की जरूरत होती है तो ये हिस्सेदारी बेचकर खुद को स्टॉक मार्केट में लिस्ट करवाती हैं।