सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : इंडिगो संकट ने उड्डयन क्षेत्र में हलचल मचा दी है। उड़ानों में लगातार आ रही तकनीकी परेशानियों और परिचालन संबंधी गड़बड़ियों पर सरकार ने अब कड़ा रुख अपनाया है। शीर्ष सरकारी अधिकारी ने स्पष्ट कहा कि यह फेलियर सामान्य नहीं है, बल्कि इसमें लापरवाही और संभवतः जानबूझकर की गई त्रुटियों के संकेत मिल रहे हैं। इसी वजह से सरकार ने साफ कर दिया है कि यदि आवश्यकता पड़ी तो इंडिगो के CEO को भी बर्खास्त करने में वे पीछे नहीं हटेंगे।
एविएशन सुरक्षा को लेकर बढ़ती शिकायतों और यात्रियों की परेशानियों के बाद यह बयान सामने आया है। कई फ्लाइट्स के अचानक रद्द होने, देरी से उड़ान भरने और इंजीनियरिंग से जुड़े मसलों ने इस मामले को और गंभीर बना दिया।
सरकार ने DGCA को पूरे घटनाक्रम की विस्तृत जांच के आदेश दिए हैं। जांच में यह पता लगाया जाएगा कि यह सिर्फ प्रबंधन की लापरवाही है या कंपनी के भीतर किसी स्तर पर जानबूझकर गड़बड़ी की गई है। उड्डयन मंत्रालय ने कहा कि यात्री सुरक्षा सर्वोपरि है और किसी भी प्रकार की अनदेखी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
इस बीच इंडिगो प्रबंधन से भी जवाब मांगा गया है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि समस्या वास्तव में कहाँ से उत्पन्न हुई। आने वाले दिनों में DGCA रिपोर्ट के आधार पर कड़े कदम उठाए जा सकते हैं।