सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : फैटी लिवर और बढ़े SGPT-GGTP को कैसे करें नियंत्रित, जानें क्या खाएं

फैटी लिवर की समस्या में लिवर में जरूरत से ज्यादा वसा जमा होने लगती है। कई बार रक्त जांच में एसजीपीटी (SGPT/ALT) और जीजीटीपी (GGTP/GGT) जैसे लिवर एंजाइम का स्तर भी बढ़ा हुआ मिलता है। ये संकेत लिवर पर दबाव या क्षति की ओर इशारा कर सकते हैं, लेकिन केवल इन जांचों के आधार पर बीमारी का कारण तय नहीं किया जा सकता। ऐसे में खानपान में सुधार, नियमित व्यायाम और चिकित्सकीय सलाह महत्वपूर्ण हैं।

हरी सब्जियां और साबुत अनाज को दें प्राथमिकता फैटी लिवर को नियंत्रित करने के लिए भोजन में हरी पत्तेदार सब्जियां, दालें, फल, साबुत अनाज और पर्याप्त प्रोटीन शामिल करना उपयोगी हो सकता है। ओट्स, दलिया, दाल, चना और सीमित मात्रा में मेवे संतुलित आहार का हिस्सा बन सकते हैं। भोजन की मात्रा पर ध्यान देना और जरूरत से ज्यादा कैलोरी लेने से बचना भी जरूरी है।

मीठे पेय और तले खाद्य पदार्थों से बचें मीठे शीतल पेय, पैकेट वाले जूस, अधिक चीनी, मिठाइयां, तले हुए खाद्य पदार्थ और अत्यधिक वसा वाले भोजन का सेवन कम करें। शराब से परहेज करना लिवर के स्वास्थ्य के लिए विशेष रूप से महत्वपूर्ण है। बिना चिकित्सकीय सलाह के हर्बल उत्पाद या लिवर साफ करने वाले सप्लीमेंट न लें, क्योंकि कुछ उत्पाद लिवर को नुकसान पहुंचा सकते हैं। वजन और व्यायाम पर रखें ध्यान यदि वजन अधिक है, तो धीरे-धीरे वजन कम करने से लिवर में जमा वसा घटाने में मदद मिल सकती है। नियमित तेज चाल से चलना और अपनी क्षमता के अनुसार शारीरिक गतिविधि करना लाभकारी है। अचानक बहुत तेजी से वजन घटाने से बचना चाहिए।

जांच और डॉक्टर की सलाह जरूरी SGPT और GGTP बढ़ने के पीछे फैटी लिवर के अलावा शराब, कुछ दवाएं, संक्रमण या अन्य समस्याएं भी हो सकती हैं। इसलिए डॉक्टर की सलाह से आवश्यक रक्त जांच और अल्ट्रासाउंड कराना उचित है। आंखों में पीलापन, पेट में सूजन, भ्रम या तेज दर्द जैसे लक्षण हों तो तत्काल चिकित्सा सहायता लें।


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