सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल :यूक्रेन युद्ध को लेकर कूटनीतिक हलचल तेज हो गई है। यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने सीजफायर को लेकर बड़ा बयान देते हुए कहा है कि वे शांति के लिए NATO मेंबरशिप की मांग छोड़ने पर विचार कर सकते हैं, लेकिन इसके लिए कुछ अहम शर्तें जरूरी होंगी। जेलेंस्की ने साफ किया कि यूक्रेन की संप्रभुता और सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जा सकता।

जेलेंस्की के अनुसार, सीजफायर तभी संभव है जब यूक्रेन की क्षेत्रीय अखंडता को अंतरराष्ट्रीय गारंटी मिले और रूस भविष्य में किसी भी आक्रमण से बाज आए। उन्होंने यह भी कहा कि युद्धविराम केवल अस्थायी समाधान नहीं होना चाहिए, बल्कि स्थायी शांति की दिशा में ठोस कदम होने चाहिए। इसी बीच अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा पेश किए गए कथित पीस प्लान को जेलेंस्की ने खारिज कर दिया है।

यूक्रेनी नेतृत्व का मानना है कि किसी भी शांति योजना में यूक्रेन की सहमति और सुरक्षा हित सर्वोपरि होने चाहिए। जेलेंस्की ने संकेत दिए कि अगर अंतरराष्ट्रीय समुदाय ठोस सुरक्षा गारंटी देता है, तभी NATO सदस्यता जैसे मुद्दों पर लचीलापन संभव है। विशेषज्ञों के मुताबिक, यह बयान पश्चिमी देशों और रूस के बीच संभावित बातचीत के लिए एक नई दिशा दिखा सकता है।

हालांकि, रूस की प्रतिक्रिया और पश्चिमी देशों का रुख आने वाले दिनों में इस प्रस्ताव की दिशा तय करेगा। फिलहाल, जेलेंस्की की शर्तों ने वैश्विक कूटनीति में नई बहस छेड़ दी है और युद्धविराम की संभावनाओं पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं।

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