Tag Archive: शिक्षा नीति

प्रधानमंत्री ने एनईपी 2020 को भारत के बौद्धिक पुनर्जागरण के रूप में सराहा

सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भारत के शिक्षा क्षेत्र में

निजी शिक्षण संस्थानों में आरक्षण को लेकर कांग्रेस की मांग दोहराई

सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : कांग्रेस महासचिव (संचार) जयराम रमेश ने आज यहां निजी

ब्रिटिश काउंसिल ईस्ट एशिया एजुकेशन वीक 2025 ने यूके-एशिया साझेदारी को बढ़ावा दिया

सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : ब्रिटिश काउंसिल ईस्ट एशिया एजुकेशन वीक 2025 ने यूके-ईस्ट

केन्द्रीय संस्कृत विश्वविद्यालयों की बैठक में MoU पर सहमति

सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : नेशनल संस्कृत विश्वविद्यालय, तिरुपति में केन्द्रीय संस्कृत विश्वविद्यालयों की

शिक्षकों और वैश्विक नेताओं ने UAE में शिक्षण के भविष्य को बदलने के लिए एकजुटता दिखाई।

सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल  /नई दिल्ली: अबू धाबी में शिक्षकों और वैश्विक नेताओं का

यूजीसी ने एसजीएसआईटीएस को 2035 तक स्वायत्तता का दर्जा दिया

सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री इन्दर सिंह

EWS को UPSC में आयुसीमा छूट: सामाजिक न्याय की दिशा में महत्वपूर्ण फैसला

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने एक ऐतिहासिक निर्णय में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) के उम्मीदवारों को UPSC परीक्षा में

नीति निर्माताओं ने ब्रिक्स में शिक्षा में डिजिटल बदलाव पर चर्चा की।

सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : ब्रिक्स वाणिज्य और उद्योग मंडल (BRICS CCI) के शिक्षा

आउटकम आधारित शिक्षा और मान्यता पर जागरूकता कार्यशाला

सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस /आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : आउटकम आधारित शिक्षा और इंजीनियरिंग कॉलेजों की मान्यता पर

एनईपी उच्च शिक्षण संस्थानों में एक अधिक ओपन रिसर्च संस्कृति का समर्थन करता है : प्रो. सुनील गोयल

शोध में अक्सर पूरी पारदर्शिता और पुनरुत्पादन क्षमता की कमी होती है। खराब शोध पद्धतियों को अब सार्वजनिक रूप से