सीएनएन सेंट्रल न्यूज़ एंड नेटवर्क–आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस / आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा प्रस्तावित बहुचर्चित ‘बिग ब्यूटीफुल बिल’ (Big Beautiful Bill) को अमेरिकी कांग्रेस के निचले सदन (हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स) में गुरुवार को पारित कर दिया गया। इस बिल को 219 वोट समर्थन में और 213 वोट विरोध में मिले। अब यह बिल सीनेट की मंजूरी और राष्ट्रपति की स्वीकृति के बाद कानून बन सकता है।

यह विधेयक एक वृहद घरेलू नीति कानून है, जिसका असर करदाताओं, छात्रवृत्ति लाभार्थियों, बुजुर्गों, प्रवासी नागरिकों और अमीर तबके तक पर पड़ेगा।

बिल के मुख्य प्रावधान:

  • मध्यम वर्ग और कारोबारियों को टैक्स में राहत

  • फूड स्टैम्प्स, हेल्थकेयर सब्सिडी और मेडिकल सहायता में भारी कटौती

  • उच्च शिक्षा सहायता योजनाओं में छंटनी

  • प्रवासी नागरिकों के लिए वर्क परमिट और वीजा प्रक्रिया कड़ी

किसे होगा फायदा?

  • छोटे कारोबारियों और उच्च इनकम टैक्स ब्रैकेट वालों को बड़ी राहत मिलेगी।

  • अरबपति और कॉरपोरेट टैक्सदाताओं के लिए रियायतें प्रस्तावित हैं।

  • कुछ राज्यों में स्थानीय टैक्स डिडक्शन की सीमा बढ़ेगी।

किसे होगा नुकसान?

  • बुजुर्गों और लो-इनकम ग्रुप के लिए हेल्थ इंश्योरेंस योजना महंगी हो सकती है।

  • छात्रों को मिलने वाली फेडरल ग्रांट्स सीमित हो सकती हैं।

  • प्रवासी नागरिकों के लिए रेजिडेंसी, वीजा और वर्क परमिट पाने की शर्तें सख्त होंगी।

प्रवासियों पर असर:

बिल में यह प्रावधान है कि जिन प्रवासी नागरिकों को सामाजिक सहायता मिल रही है, उनकी पात्रता की जांच सख्ती से की जाएगी। साथ ही, वीजा प्राप्ति में स्वावलंबन और टैक्स रिकॉर्ड को ज्यादा महत्व दिया जाएगा।

अब आगे क्या?
सीनेट में फाइनल वोटिंग के बाद यह बिल राष्ट्रपति के पास भेजा जाएगा। यदि यह कानून बनता है, तो यह ट्रंप के चुनावी वादों को कानूनी जामा पहनाने की दिशा में एक बड़ा कदम होगा, लेकिन इससे सामाजिक असमानता पर बहस और तेज हो सकती है।

#बिगब्यूटीफुलबिल #ट्रंपनीति #टैक्सराहत #अमेरिकीनीतियां #प्रवासीप्रभाव #सामाजिकयोजनाएं #यूएसकांग्रेस