आईटीडीसी इंडिया ईप्रेस/आईटीडीसी न्यूज़ भोपाल : भारत में मोस्ट वांटेड गैंगस्टरों-आतंकियों को लेकर राज्य और केंद्रीय एजेंसियों के बीच हुई बैठक में लिए गए फैसले पर एक्शन शुरू हो गया है। मीटिंग के एक दिन बाद ही एजेंसियों ने संपत्तियों को सील करने की शुरुआत कनाडा में मारे गए भारत के 10 लाख के इनामी खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर के जालंधर के गांव भारसिंहपुरा (फिल्लौर) से की है।

निज्जर के तालाबंद घर के बाहर नोटिस चिपका दिया गया है। जो नोटिस चस्पा किया गया है वह मोहाली की स्पेशल NIA कम CBI कोर्ट से जारी हुआ है। नोटिस में कहा गया है कि NIA ने हरदीप सिंह निज्जर की अचल संपत्ति को जब्त करने के लिए याचिका दी है। इस मामले में रिश्तेदार-नजदीकी 11 अक्टूबर को स्पेशल NIA कोर्ट मोहाली में पेश होकर अपना पक्ष रख सकता है।

निज्जर के साथ ही पंजाब के विदेश में बैठे आतंकियों और गैंगस्टरों की भी प्रॉपर्टी अटैच करने की तैयारी है।

फर्जी पासपोर्ट बना कर कनाडा भागा था निज्जर

निज्जर 1996 में रवि शर्मा नाम से फर्जी पासपोर्ट बनवाकर कनाडा भागा था। यहां एक शपथपत्र में उसने ऐसा दिखाया कि उसके भाई, पिता और चाचा सभी को गिरफ्तार कर लिया गया था और खुद पुलिस ने प्रताड़ित किया था, लेकिन उसके दावे को खारिज कर दिया गया

इसके बाद निज्जर ने एक महिला से शादी की, जिसने उसकी इमिग्रेशन को लेकर मदद की। अधिकारियों ने नोट किया कि महिला 1997 में किसी अन्य पुरुष से शादी करके कनाडा आई थी निज्जर ने इस फैसले के खिलाफ अपील की, लेकिन हार गया। हालांकि एक दशक बाद, निज्जर 25 मई 2007 को कनाडाई नागरिक बन गया।

पाकिस्तान में हथियार चलाने की ट्रेनिंग ली

निज्जर 2012 में एक जत्थे के साथ पाकिस्तान गया था। यहां उसने हथियारों और ID ब्लास्ट की ट्रेनिंग ली। इसके बाद फिर कनाडा आ गया और आतंकी मनसूबे पूरे करने लिए अपने साथियों को हथियार चलाने की ट्रेनिंग दी।

कई मामलों में निज्जर का नाम

हरदीप सिंह निज्जर खालिस्तान टाइगर फोर्स (KTF) का प्रमुख था। भारत की राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने हाल में 40 मोस्ट वांटेड आतंकियों की जो लिस्ट जारी की थी, उसमें निज्जर का नाम था। कनाडा के ब्रैंपटन शहर में खालिस्तान के हक में रेफरेंडम करवाने में उसकी भूमिका थी।

पंजाब में हिंसा और क्राइम से जुड़े कई केसों में निज्जर और उसके संगठन का नाम सामने आया था। इसके बाद ही उसे वांटेड टेररिस्ट की लिस्ट में डाला गया। सितंबर-2020 में केंद्रीय गृह मंत्रालय ने निज्जर को आतंकी घोषित कर दिया। इसके बाद निज्जर की जालंधर के भारसिंहपुरा गांव की प्रॉपर्टी भी कुर्क कर ली गई।